डेस्क:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को अपने आवास 7, लोक कल्याण मार्ग (LKM) पर ‘परीक्षा पे चर्चा’ (PPC) के नौवें संस्करण के दौरान देश भर के छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों से सीधा संवाद किया। इस बार पीएम का जोर केवल परीक्षा में अंक लाने पर नहीं, बल्कि ‘मेक इन इंडिया’ की भावना को अपनाने और जीवन के सर्वांगीण विकास पर रहा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को ‘मेक इन इंडिया’ और ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ पर ज़ोर दिया, साथ ही छात्रों को अपनी पढ़ाई और हॉबीज़ के बीच संतुलन बनाने की सलाह दी। उन्होंने नई दिल्ली में अपने 7, लोक कल्याण मार्ग (LKM) आवास पर ‘परीक्षा पे चर्चा’ (PPC) के नौवें एडिशन के दौरान छात्रों से बातचीत की। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि छात्रों को सभी की सलाह सुननी चाहिए, लेकिन उन्हें हमेशा अपने तरीके से काम करना चाहिए और खुद पर भरोसा रखना चाहिए।
उन्होंने कहा कि भले ही वह प्रधानमंत्री बन गए हैं, फिर भी लोग उन्हें सलाह देते रहते हैं। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपने काम करने के तरीके में कुछ बदलाव किए हैं, लेकिन अपना “मूल तरीका” नहीं छोड़ा है। PM मोदी ने यह भी कहा कि परीक्षा का एकमात्र लक्ष्य सफलता हासिल करना नहीं होना चाहिए और ध्यान सर्वांगीण विकास पर होना चाहिए।
उन्होंने कहा, “आपके माता-पिता, या शिक्षक, या दोस्त कुछ भी कहें, आप सभी सुझावों को ध्यान में रखते हुए अपने तरीके पर विश्वास रखें और उसका पालन करें।” “मैं बीते हुए कल को नहीं देखता, मैं हमेशा आने वाले कल को देखता हूं… कई बार शिक्षक सिर्फ़ वही पढ़ाते हैं जो महत्वपूर्ण होता है और जिससे आपको अच्छे नंबर मिल सकें, लेकिन एक अच्छा शिक्षक सर्वांगीण विकास पर ध्यान देता है और सब कुछ सिखाता है।
