
आम जनमानस, विशेषकर गरीब, असहाय, वृद्ध एवं जरूरतमंद व्यक्तियों को कड़ाके की ठंड से राहत प्रदान किया जा रहा है। सभी अंचलाधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि अलाव की व्यवस्था की नियमित निगरानी करें एवं आवश्यकता के अनुसार अलाव की उपलब्धता सुनिश्चित करें, ताकि किसी भी स्तर पर आम लोगों को असुविधा का सामना न करना पड़े।
रविवार को जिले के कुल 138 जगहों पर अलाव जलाया जा रहा है। आज 26.61 क्विंटल लकड़ी अलाव के रूप में जलाई गई है तथा अब तक कुल 165 क्विंटल लकड़ी जलाई गई है, सहायक निदेशक आपदा ने बताया कि समाज कल्याण विभाग की तरफ से भी सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को कुल 5171 कंबल उपलब्ध कराए गए हैं ताकि जरूरतमंदों के बीच उनका वितरण किया जा सके।जिला प्रशासन द्वारा शीतलहर से बचाव हेतु निरंतर निगरानी की जा रही है, आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त कदम भी उठाए जाएंगे। प्रशासन द्वारा शीतलहर के मद्देनजर लोगों से सतर्कता बरतने की अपील की गई तथा ये भी अपेक्षा की गई कि शीत से बचाव के उपकरणों यथा, हीटर, गीजर, ब्लोअर का इस्तेमाल सावधानीपूर्वक करे तथा सोने के पहले अलाव तथा अंगीठी बूझा दे। उपनिदेशक जनसंपर्क दरभंगा प्रमंडल दरभंगा ने बताया कि घर के कमरे के अंदर कभी भी बोरसी या जलती हुई अंगीठी को रखकर नहीं सोए। यह जानलेवा हो सकता है। कई जिलों में इसकी इसका काफी खतरनाक प्रभाव देखने को मिला है । इससे अगलगी की घटना को भी रोका जा सकता है।