डेस्क: हरियाणा के प्रदेशभर के गेस्ट टीचर्स पक्का करने की मांग को लेकर बुधवार को पानीपत में शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा के आवास के बाहर धरने पर बैठ गए। मंत्री का स्टाफ टीचरों से बात कर रहा है।
टीचर्स ने सरकार के सेवा नियम-2026 को भी ठुकरा दिया है। मंगलवार को ही प्रदेश सरकार ने हरियाणा अतिथि सेवा नियम-2026 की नोटिफिकेशन जारी की थी। जिसमें गेस्ट टीचर की 58 साल की उम्र में रिटायरमेंट, बिना वेतन 730 दिन की चाइल्ड केयर लीव (CCL) समेत अन्य सेवा शर्तें जारी की गईं।
हरियाणा गेस्ट टीचर्स के मीडिया प्रभारी डॉ. अजय लोहान ने कहा- प्रदेश सरकार ने कोर्ट का फैसला लागू करने की बजाय जो सेवा नियम बनाए हैं ये हमारी मांग ही नहीं थी। 12 हजार गेस्ट टीचर्स की एक ही मांग है कि कोर्ट का फैसला लागू करके पक्का किया जाए। इससे कम कुछ भी मंजूर नहीं है।
58 साल में रिटायरमेंट: जिस महीने गेस्ट टीचर की उम्र 58 साल पूरी होगी, उसी महीने के आखिरी दिन रिटायरमेंट होगी। यानी इससे पहले सेवा जारी रहेगी और इस आधार पर नौकरी से नहीं हटाया जाएगा।
730 दिन की CCL: महिला और एकल पुरुष गेस्ट टीचर्स
को पूरी सेवा अवधि में 730 दिन की चाइल्ड केयर लीव (CCL) मिलेगी। यह अवकाश बिना वेतन होगा, लेकिन इसे सर्विस ब्रेक नहीं माना जाएगा।
15 दिन का पितृत्व अवकाशः दो जीवित बच्चों तक वाले पुरुष गेस्ट टीचर को पत्नी के प्रसव या एक साल से कम उम्र के बच्चे को गोद लेने पर 15 दिन का पितृत्व अवकाश मिलेगा। यह अवकाश प्रसव की तारीख से 15 दिन पहले से लेकर प्रसव के 6 महीने बाद तक लिया जा सकेगा।
दंड का भी प्रावधान: गेस्ट टीचर्स पर रेगुलर टीचर्स की तरह नियुक्ति एवं दंड प्राधिकारी के नियम लागू होंगे। मामूली दंड में सर्विस रिकॉर्ड में चेतावनी या निंदा दर्ज करना और लापरवाही अथवा आदेश के उल्लंघन से हुए नुकसान की वेतन से वसूली शामिल होगी।
गेस्ट टीचर्स के प्रवक्त डॉ. अजय लोहान के मुताबिक गेस्ट टीचर्स एसोसिएशन की स्पष्ट मांग है कि कोर्ट के फैसलों के अनुसार गेस्ट टीचर्स को 28 मई 2014 से पक्का माना जाए।
6 प्रतिशत ब्याज समेत सभी लाभ मिलेंः पक्के होने की तारीख से ही 6 प्रतिशत ब्याज समेत बकाया राशि, ग्रेच्युटी, पेंशन व अन्य देय लाभ दिए जाएं। गेस्ट टीचर्स नए नियमों में EPF, वेतन बढ़ोतरी, मेडिकल लीव या पक्का करने का कोई जिक्र न होने से नाराज हैं।
23 जून से लघु सचिवालय में चल रहा धरना
राज्य कार्यकारिणी सदस्य मेवा सिंह पिलानिया, बलजीत सिंह ढिल्लों और कुलदीप कुमार ने बताया कि नियमितीकरण की मांग को लेकर 23 जून से लघु सचिवालय में अनिश्चितकालीन धरना जारी है। सरकार पक्का करने से जुड़े अदालती आदेशों को लागू करे।


