अन्य

रात में ही क्यों होता हैं पैरों में दर्द? सर्जन ने बताए 2 बड़े कारण

डेस्क: अक्सर लोग रात में पैरों में होने वाली ऐंठन (Leg Cramps) को थकान या पानी की कमी समझकर नजरअंदाज़ कर देते हैं। लेकिन सर्जन के मुताबिक, यह समस्या कभी-कभी किसी अंदरूनी बीमारी का संकेत भी हो सकती है। सर्जन ने बताए 2 अंदरूनी कारण, जो बन सकते हैं ट्रिगर

नसों से जुड़ी समस्या 
पैरों तक खून का सही से न पहुंचने के कारण दर्द की समस्या बढ़ती है। नसों पर दबाव या नसों की कमजोरी या फिर डायबिटीज से जुड़ी न्यूरोपैथी के कारण भी रात में मांसपेशियां अचानक सिकुड़ जाती हैं और तेज़ दर्द होता है। पैरों में झनझनाहट, सुन्नपन, जलन या चुभन नसों से जुड़ी समस्या का संकेत है।

मिनरल असंतुलन (Electrolyte Imbalance)
मैग्नीशियम, कैल्शियम या पोटैशियम की कमी ज्यादा पसीना, डिहाइड्रेशन,  कुछ दवाइयों का साइड इफेक्ट के कारण मिनरल असंतुलन हो जाता है और इसी कारण ऐंठन बढ़ती है। बार-बार क्रैम्प्स, मांसपेशियों में खिंचाव और कमजोरी इसके संकेत हैं।

कब डॉक्टर को दिखाएं?
अगर क्रैम्प्स रोज़ हो, दर्द बहुत तेज़ हो, पैरों में सूजन या रंग बदलने लगे डायबिटीज या थायरॉइड की समस्या हो तो डॉक्टर को दिखाएं। दर्द से बचने के लिए  सोने से पहले हल्की स्ट्रेचिंग करें, पर्याप्त पानी पिएं।  केला, दही, हरी सब्ज़ियां शामिल करें।  लंबे समय तक एक ही पोज़िशन में न रहें। सर्जन कहते हैं कि रात की ऐंठन सिर्फ थकान नहीं, शरीर का चेतावनी संकेत भी हो सकती है। समय रहते कारण समझना और इलाज कराना ज़रूरी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *