डेस्क:महाराष्ट्र सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी और लोकप्रिय कल्याणकारी योजना, ‘मुख्यमंत्री माझी लाड़की बहिन योजना’ में बड़े पैमाने पर वित्तीय और प्रशासनिक गड़बड़ियाँ सामने आई हैं। एक आंतरिक ऑडिट और समीक्षा रिपोर्ट के बाद हुए खुलासे से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। सत्यापन (Verification) प्रक्रिया के दौरान लाखों ऐसे लाभार्थी पाए गए हैं, जो योजना के तय मानदंडों को पूरा नहीं करते हैं या जिनकी पात्रता पूरी तरह संदिग्ध है। सबसे चौंकाने वाले दावों में से एक यह है कि लगभग 16,000 आवेदक पुरुष थे, जिन्होंने कथित तौर पर इस योजना का लाभ उठाने के लिए खुद को महिला के रूप में पंजीकृत कराया था।

