डेस्क: Ghaziabad) के रहने वाले मर्चेंट नेवी इंजीनियर केतन मेहता (Ketan Mehta) को 57 दिन बाद ईरान की जेल से रिहाई मिल गई है। फिलहाल वह Tehran में Embassy of India in Tehran की निगरानी में एक होटल में ठहरे हुए हैं। हालात सामान्य होने और औपचारिक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद उन्हें भारत वापस लाया जाएगा।
बंदर अब्बास पोर्ट से हुई थी गिरफ्तारी
जानकारी के मुताबिक केतन मेहता को 6 जनवरी 2026 को Bandar Abbas Port पर ईरानी कोस्ट गार्ड ने हिरासत में ले लिया था। इसके बाद उन्हें तेहरान की जेल में रखा गया था।
केतन दुबई की एक तेल कंपनी में थर्ड इंजीनियर के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने जून 2025 में मरीन इंजीनियर के रूप में कंपनी जॉइन की थी। उनकी कंपनी के जहाज ईरान से तेल ढुलाई का काम करते हैं।
परिवार ने सरकार से लगाई थी गुहार
केतन के पिता Mukesh Mehta ने बेटे की गिरफ्तारी के बाद भारत सरकार और विदेश मंत्रालय से मदद की अपील की थी। इसके बाद भारतीय दूतावास ने मामले में हस्तक्षेप कर कानूनी प्रक्रिया के जरिए उनकी रिहाई सुनिश्चित कराई।
जेल से परिवार से होता था संपर्क
दूतावास की मदद से केतन को जेल से ही परिवार से फोन पर बात करने की अनुमति मिली थी। उनके पिता ने बताया कि 31 दिसंबर को आखिरी बार उनसे बात हुई थी, जिसमें केतन ने कहा था कि वह कुछ दिनों में दुबई लौट आएंगे।
लेकिन इसके बाद उनका फोन बंद हो गया और 16 जनवरी को परिवार को जानकारी मिली कि उन्हें ईरानी कोस्ट गार्ड ने गिरफ्तार कर लिया है।
होली के दिन मिली राहत की खबर
परिवार के लिए राहत की खबर होली के दिन आई, जब केतन का फोन आया और उन्होंने बताया कि उन्हें रिहा कर दिया गया है। यह सुनकर परिवार भावुक हो गया और घर में खुशी का माहौल बन गया।
फिलहाल केतन तेहरान में भारतीय दूतावास की निगरानी में हैं। उनके भारत लौटने के लिए जरूरी दस्तावेज तैयार किए जा रहे हैं और जैसे ही उड़ानें उपलब्ध होंगी, उन्हें वापस भारत लाया जाएगा।
