
राज्यसभा सांसद डॉ. धर्मशीला गुप्ता ने मणिपुर जीएसटी (दूसरा संशोधन) विधेयक, 2025 को बताया राज्य की आर्थिक आत्मनिर्भरता की ठोस दिशा
दरभंगा। राज्यसभा में आज मणिपुर वस्तु एवं सेवा कर (दूसरा संशोधन) विधेयक, 2025 पर हुई चर्चा के दौरान सांसद सह दरभंगा की भाजपा नेत्री, डॉ. धर्मशीला गुप्ता ने अपने संबोधन में इसे मणिपुर की आर्थिक रीढ़ को मजबूत करने वाला विधेयक करार दिया। महिला जनप्रतिनिधि के रूप में उन्होंने कहा यह संशोधन मात्र कर सुधार नहीं, बल्कि राज्य के लिए नई ऊर्जा और नए अवसरों का द्वार है। उन्होंने प्रधानमंत्री और केंद्रीय वित्त मंत्री के दूरदर्शी नेतृत्व की सराहना की और कहा जीएसटी जैसे जटिल ढाँचे को जनहितकारी बनाना सरकार की प्रतिबद्धता का उदाहरण है। ईएनटी पर कराधिकार से बढ़ेगा राज्य का राजस्व, सांसद ने बताया एक्स्ट्रा न्यूट्रल अल्कोहल पर कर लगाने का अधिकार राज्य को मिलना मणिपुर के वित्तीय ढांचे को मजबूती देगा।
उन्होंने अनुमान देते हुए कहा एक शराब निर्माण इकाई में 10 लाख लीटर ईएनटी उपयोग होने पर प्रति लीटर 2 रुपये का कर भी राज्य को 20 लाख रुपये दिला सकता है।
राज्य में कई इकाइयों की मौजूदगी के कारण कुल राजस्व काफी बढ़ने की संभावना व्यक्त की गई। छोटे एवं मध्यम व्यापारियों को राहत विधेयक में अपील हेतु जमा राशि को 20% से घटाकर 10% करना ऐतिहासिक कदम बताया। सांसद ने कहा इससे छोटे व्यापारियों, महिलाओं उद्यमियों और युवाओं को बड़ी राहत मिलेगी। उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा 10 लाख रुपये के टैक्स विवाद में अब 2 लाख के बजाय केवल 1 लाख रुपये जमा कर अपील की जा सकेगी।व्यापार को मिलेगा लचीलापन सांसद के अनुसार एसजीएसटी में राज्य को छूट देने का अधिकार मिलना व्यापारिक गतिविधियों को गति देगा। उन्होंने बताया बांस, हस्तकला, हथकरघा और खाद्य प्रसंस्करण में सक्रिय मणिपुरी महिला उद्यमियों के लिए यह कदम सीधे बिक्री बढ़ाने वाला साबित हो सकता है। बीमा क्षेत्र में स्पष्टता बीमा कंपनियों के बीच जीएसटी भुगतान को लेकर होने वाले भ्रम को दूर करने को उन्होंने जरूरी सुधार बताया। सांसद ने कहा मुख्य बीमाकर्ता द्वारा कर भुगतान के बाद सह-बीमाकर्ता द्वारा दोबारा कर माँगने की समस्या अब खत्म होगी, जिससे दावों के निपटान में तेजी आएगी। यह विधेयक विकास की नई जमीन तैयार करेगा डॉ. गुप्ता ने कहा पहाड़ी राज्य मणिपुर को नए राजस्व स्रोतों की आवश्यकता है, और यह संशोधन शिक्षा, स्वास्थ्य व रोजगार के लिए अतिरिक्त संसाधन उपलब्ध कराएगा।
अपने संबोधन में उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश आर्थिक सुधारों के नए दौर से गुजर रहा है और यह विधेयक उसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा जब नीतियों में संवेदना और फैसलों में पारदर्शिता हो, तभी सरकार जनता के दिलों में स्थान बनाती है और यही भावना इस विधेयक में परिलक्षित होती है।