डेस्क: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने बृहस्पतिवार को कहा कि राजनीति का इस्तेमाल देश के युवाओं को विभाजित करने के लिए नहीं किया जाना चाहिए और उनकी पहचान विचारों, क्षमताओं तथा आकांक्षाओं से होनी चाहिए। वाराणसी दौरे के दूसरे दिन महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में युवाओं से संवाद के दौरान नवीन ने कहा कि किसी बाहरी व्यक्ति को देश के युवाओं के अधिकार और अवसर छीनने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।
उन्होंने कहा, ”बिहार में अवसरों का लाभ उठाने में बिहार के लोगों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए और उत्तर प्रदेश में उत्तर प्रदेश के लोगों को।” नवीन ने कहा कि भारत युवाओं का देश है और युवाओं को बांटने की कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अपने युवावस्था के दिनों को याद करते हुए कहा, ”जब हम युवा थे, तब किसी ने हमें अल्फा, बीटा और गामा में विभाजित नहीं किया।” उन्होंने कहा कि युवाओं की पहचान उनके विचारों, क्षमताओं और आकांक्षाओं से तय होनी चाहिए। भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि उत्तर प्रदेश बदल रहा है और विकास परियोजनाएं युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा कर रही हैं।
उन्होंने एक्सप्रेसवे और रक्षा गलियारे (डिफेंस कॉरिडोर) जैसी परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इनसे रोजगार के अवसर पैदा हो रहे हैं। इससे पहले उन्होंने कहा कि पहले उत्तर प्रदेश की चर्चा अक्सर माफिया और हत्याओं से जोड़कर की जाती थी, जबकि अब राज्य में विकास हो रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में करियर और रोजगार के अवसरों से जुड़े सवालों के जवाब में नवीन ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के क्षेत्र में बड़े निवेश आ रहे हैं और भारत जल्द ही एआई हब के रूप में उभरेगा। उन्होंने कहा कि नए विधि महाविद्यालय खोलकर देश में कानूनी शिक्षा को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे कानून की पढ़ाई करने वाले युवाओं के लिए नए अवसर पैदा होंगे। विपक्ष पर निशाना साधते हुए नवीन ने 2013 की अपनी अमेरिका यात्रा का उल्लेख किया और दावा किया कि उस समय वहां भारत की चर्चा अक्सर घोटालों की खबरों के इर्द-गिर्द घूमती थी। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार पर विपक्ष किसी बड़े घोटाले का आरोप नहीं लगा पाया है।


