डेस्क: पाकिस्तान में नशे के एक बेहद असामान्य (Drug abuse in Pakistan) और खतरनाक तरीके को लेकर चर्चा तेज हो गई है। सोशल मीडिया और कुछ स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में दावा किया जा रहा है कि कुछ लोग सूखे बिच्छू (Dried scorpions) को पीसकर उसका धुआं लेकर नशा करने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, इस चलन के व्यापक स्तर पर होने की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ इसे बेहद जोखिम भरा बताते हुए लोगों को ऐसे किसी भी प्रयोग से दूर रहने की सलाह दे रहे हैं।
पाकिस्तान पहले से ही आर्थिक संकट, महंगाई और बेरोजगारी जैसी चुनौतियों का सामना कर रहा है। ऐसे में सस्ते नशे के विकल्प तलाशने की प्रवृत्ति को लेकर समय-समय पर रिपोर्टें सामने आती रही हैं। हाल के दिनों में बिच्छू से जुड़े इस कथित ट्रेंड ने भी लोगों का ध्यान खींचा है।
कहां से शुरू हुई चर्चा?
कुछ मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, खैबर पख्तूनख्वा क्षेत्र में कई दशक पहले इस तरह के नशे का जिक्र सामने आया था। बताया जाता है कि जहां पहले चरस, गांजा और अफीम का अधिक इस्तेमाल होता था, वहीं कुछ लोगों ने कथित तौर पर अधिक तीव्र नशे की तलाश में सूखे बिच्छू का उपयोग शुरू किया। हालांकि, इस दावे की पुष्टि करने वाले व्यापक वैज्ञानिक या आधिकारिक साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं।
कितना खतरनाक हो सकता है?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक, किसी भी जहरीले जीव या उसके अवशेषों का धुआं शरीर में पहुंचाना गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकता है। इससे फेफड़ों को नुकसान, तंत्रिका तंत्र पर प्रतिकूल असर, मानसिक भ्रम, बेहोशी और अन्य गंभीर जटिलताएं हो सकती हैं। यदि किसी व्यक्ति में नशे जैसी लत विकसित हो जाती है, तो उसका मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य दोनों प्रभावित हो सकते हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि नशे के ऐसे अप्रमाणित और खतरनाक तरीकों से दूर रहना ही सुरक्षित विकल्प है। किसी भी प्रकार के नशे की लत से जूझ रहे लोगों को चिकित्सकीय सलाह और पुनर्वास सेवाओं का सहारा लेना चाहिए।

