
दरभंगा। सदर प्रखंड स्थित सारामोहनपुर पंचायत के गंगवाड़ा में दो दिनों तक बहती रही संतो की भक्ति, ठंड के बिच लोगो ने साहेब बन्दगी की लहरों में डुबकी लगाते रहे। कबीर आश्रम गंगवारा, दरभंगा में 62 वा. दो दिवसीय कबीर सन्त सम्मेलन के दूसरे व अंतिम दिन समापन के अवसर पर कबीर आश्रम गंगवारा, सारामोहनपुर के महन्थ डॉ. दिलीप कुमार दास की अध्यक्षता में अतिथियों को उनके और आर के दत्ता के द्वारा अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया गया। सुबह 4 बजे से 7 : 30 प्रभाती और सुबह 8 बजे से दोपहर 3 बजे तक भजन और अंत में भंडारा के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। समापन के मौके पर मंच संचालन की अध्यक्षता महन्त देवकान्त दास जी द्वारा किया गया। समापन कार्यक्रम के अवसर पर गायक प्रस्तुति श्याम दास एवं शम्भू दास कर रहे थे। इस सन्त सम्मेलन के प्रथम दिन गुरुवन्दना के साथ शुरू की गई। लक्ष्मी कुमारी, सरस्वती कुमारी के द्वारा गुरुवन्दना के द्वारा किया गया। इस सन्त सम्मेलन में प्रदेश के कोने-कोने से सन्त महन्त,आचार्य सन्त एवं सन्त भक्त की बड़ी संख्या देखी गई। कबीर सन्त सम्मेलन के समापन कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए महन्थ, डॉ. दिलीप कुमार दास ने कहा साधु सन्त की वाणी इतनी अनमोल होती है, जिस वाणी से मधुर आत्म की मधुर एवं मन मौजी मिलती रही है, और हमें आत्म ज्ञान मिलता है। सन्त की सेवा कभी कम नहीं होती है, बल्कि यह तो बढ़ती ही रहती है। इस सन्त कबीर समारोह की गंगा चारो दिशाओ में बह रही थी। समापन के मौके पर भंडारा मे हजारों भक्तो ने प्रसाद ग्रहण किया। कार्यक्रम के समापन के अवसर पर संत आर के दत्ता के द्वारा अतिथियों देवनारायण यादव और रेणू भारती लोक गायिका और अन्य कलाकारों को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया। महंत दिलीप कुमार दास ने बताया के पूरे प्रदेश से आए हुए सन्त महन्त आचार्य सन्त पहुँचे थे। मौके पर महन्थ डॉ दिलीप कुमार दास उर्फ गुरुदेव जी,सीता कान्त मिश्र शिक्षक देवकांत, महन्थ हजारी दास, महन्थ उमीता साहिब, महन्थ मन्टु दास, महन्थ कामेश्वर दास, गुरु प्रसाद साहिब, महन्थ विजय साहिब,महंथ आर के दत्ता, महन्थ कंचन साहिब, महन्थ संजीव कुमार दास, महन्थ दिलीप दास, महन्थ राम प्रसाद दास, महन्थ शंकर दास कौशल,शम्भु दास, श्याम दास सहित सैंकड़ो महिलाए एवं पुरुष भक्तगण मौजूद रहे।