अन्य

सनातन धर्म केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि मानव जीवन के सर्वांगीण उत्थान का आधार है धार्मिक आस्था के साथ-साथ संस्कार, सदाचार और राष्ट्रप्रेम को भी जीवन का अभिन्न अंग बनाया जाए : शंकराचार्य जी महाराज

दरभंगा। जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी श्री अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी महाराज के पावन अध्यक्षता मे आज राम जानकी मंदिर, गोविंदपुर के प्रांगण में एक भव्य धर्म सभा का आयोजन किया। जगतगुरु शंकराचार्य गोविंदपुर में धर्मवीर चौधरी जी के निवास स्थान पर उपस्थित लोगों को अपना आशीर्वचन दिया। जहां धर्मवीर चौधरी जी ने शंकराचार्य जी के भाजपा का पूजन किया। जगतगुरु शंकराचार्य पंडित दयानंद मिश्रा के आवास पर पहुंचकर वहां उपस्थित लोगों को अपना आशीर्वाद प्रदान किया। राम जानकी मंदिर गोविंदपुर में आयोजित धर्म सभा में कामेश्वरसिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति पंडित देवनारायण झा जी ने शंकराचार्य जी के पादुका का पूजन किया। श्री शंकराचार्य उत्सव समिति के सदस्य मुकुंद चौधरी ने इस अवसर पर स्वागत उद्बोधन दिया। शंकराचार्य जी महाराज ने कहा सनातन धर्म केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि मानव जीवन के सर्वांगीण उत्थान का आधार है। उन्होंने समाज से आग्रह किया की धार्मिक आस्था के साथ-साथ संस्कार, सदाचार और राष्ट्रप्रेम को भी जीवन का अभिन्न अंग बनाया जाए। धर्म सभा में शंकराचार्य जी ने वर्तमान समय में धर्म, संस्कृति और शिक्षा के संरक्षण की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि जब व्यक्ति धर्म को समझता है, तभी समाज में स्थायी शांति और समरसता स्थापित होती है।कार्यक्रम में हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे जिन्होंने शंकराचार्य जी के दर्शन एवं आशीर्वचन का लाभ उठाया।कार्यक्रम के सफल आयोजन में शंकराचार्य उत्सव समिति, गोविंदपुर के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का विशेष योगदान रहा। धर्म सभा का संचालन स्वामी प्रत्यक्चैतन्यमुकुन्दानन्द गिरिः जी जबकि धन्यवाद ज्ञापन गोविंदपुर निवासी अनिल चौधरी जी ने किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *