डेस्क :अभिषेक बनर्जी ने चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि ‘SIR’ का अर्थ ‘खामोश अदृश्य धांधली’ है, जो भाजपा के पक्ष में लोगों के मताधिकार छीनने का प्रयास है। उन्होंने बिहार में मतदाता सूची से नाम गायब होने और कुत्ते के नाम पर आवासीय प्रमाण पत्र जारी होने का उदाहरण दिया, साथ ही सरकार को पहलगाम हमले और अमेरिकी नियंत्रण जैसे मुद्दों पर घेरा।
बिहार में मतदाता सूची पुनरीक्षण को लेकर टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने सवाल खड़े किए है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि मतदाता सूची पुनरीक्षण के नाम पर इस देश के नागरिकों के नाम सूची से काटे जा रहे हैं और एक कुत्ते के नाम पर आवासीय प्रमाण पत्र जारी किया जा रहा है, और चुनाव आयोग इस आवासीय प्रमाण पत्र को स्वीकार भी कर रहा है। कुत्ते के नाम पर आवासीय प्रमाण पत्र तो है, लेकिन लोग वोट नहीं डाल सकते। जिस SIR की वे बात कर रहे हैं… विशेष गहन पुनरीक्षण
