डेस्क: अफ्रीका के डिजिटल वित्तीय सेवा मंच एयरटेल मनी ने लंदन शेयर बाजार (एलएसई) में शुक्रवार को कारोबार की शुरुआत की। यह कई वर्षों में शेयर बाजार का सबसे बड़ा आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) है। एयरटेल के संस्थापक और भारती एंटरप्राइजेज के संस्थापक एवं चेयरमैन सुनील मित्तल ने कहा कि एयरटेल मनी की सूचीबद्धता ब्रिटेन में भारती समूह के दीर्घकालिक निवेश का विस्तार है।
उन्होंने कहा, ”मैं लंदन शेयर बाजार में एयरटेल मनी की सफल सूचीबद्धता का स्वागत करते हुए खुश हूं। यह सूचीबद्धता निवेश के लिए वैश्विक स्तर पर आकर्षक गंतव्य के रूप में ब्रिटेन पर भरोसे को दर्शाती है। यहां स्थिर कारोबारी और नीतिगत माहौल है, जो दीर्घकालिक निवेशकों के लिए आकर्षक है।” मित्तल ने कहा, ”2019 में हमने ब्रिटेन के स्थापित निवेशक आधार, दीर्घकालिक रणनीतिक पूंजी और उभरते बाजारों की तेजी से विकसित हो रही कंपनियों में निवेश की इच्छा का लाभ उठाने के लिए एयरटेल अफ्रीका को लंदन में सूचीबद्ध कराया था। इन्हीं परिस्थितियों के कारण 2026 में इस नई सूचीबद्धता के लिए लंदन स्वाभाविक विकल्प बना।”
उन्होंने कहा कि एयरटेल मनी के निर्गम को मिली अधिक बोली से पता चलता है कि ब्रिटेन के बाजार में उच्च गुणवत्ता वाली निवेश योग्य संपत्तियों की मांग है। एयरटेल मनी के लंदन शेयर बाजार में सशर्त कारोबार की शुरुआत की और इसका निर्गम मूल्य 1.96 पाउंड प्रति शेयर रखा गया। शुरुआती कारोबार के दौरान शेयर की कीमत करीब 2.00 पाउंड तक पहुंची लेकिन बाद में घटकर लगभग 1.94 पाउंड रह गई, जो निर्गम मूल्य से थोड़ी कम है। इस कीमत के आधार पर कंपनी का बाजार पूंजीकरण करीब सात अरब अमेरिकी डॉलर (5.3 अरब पाउंड) आंका गया है। यह पहले लगाए गए आठ से नौ अरब अमेरिकी डॉलर के मूल्यांकन अनुमान से कम है।
फिलहाल शेयर में सशर्त कारोबार हो रहा है और इसमें केवल उन्हीं निवेशकों को लेनदेन की अनुमति है, जिन्हें शेयर आवंटित किए गए हैं। नियमित कारोबार 14 अक्टूबर, 2026 से शुरू होगा। भारती एयरटेल की एयरटेल अफ्रीका में 79.2 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जबकि एयरटेल अफ्रीका के पास एयरटेल मनी की 77.85 प्रतिशत हिस्सेदारी है। इस तरह भारती एयरटेल की एयरटेल मनी में अप्रत्यक्ष आर्थिक हिस्सेदारी करीब 61.6 प्रतिशत है।


