डेस्क: बिहार में पूर्वी चंपारण जिले के बंजरिया थाना क्षेत्र के सिसवा पूर्वी निवासी शिक्षक समसाद आलम का गुरुवार को लापता होने के करीब पांच घंटे बाद सदर अस्पताल में शव मिला है। इस मामले में मृतक के पिता ने मिट्टी कटाई को लेकर चल रहे पुराने विवाद में हत्या का आरोप लगाया है।
पुलिस ने मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर एक वाहन जब्त किया है, जबकि आरोपित पूर्व प्रमुख जफीर आजाद उर्फ चमन की गिरफ्तारी के लिए 20 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, समसाद आलम सिसवा उर्दू स्कूल में शिक्षक थे। गुरुवार को विद्यालय में पढ़ाने के बाद घर लौटने के दौरान उनके लापता होने की सूचना मिली। करीब पांच घंटे बाद उनका शव सदर अस्पताल में मिला। घटना की जानकारी मिलने पर परिजन और ग्रामीण अस्पताल पहुंचे तथा शव को मुख्य द्वार के सामने रखकर सड़क जाम कर दिया। प्रदर्शनकारी मामले की जांच और आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे।
मृतक के पिता मो. रफीस ने बंजरिया प्रखंड के पूर्व प्रमुख जफीर आजाद उर्फ चमन और उसके समर्थकों पर समसाद आलम की हत्या करने का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि मिट्टी कटाई को लेकर समसाद और चमन के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। परिजनों के अनुसार, इस संबंध में शिकायत भी की गई थी और समसाद को पहले धमकी दी गई थी।


