दरभंगा, निशांत झा। शारदीय नवरात्र के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र श्यामा माई मंदिर परिसर में बुनियादी सुविधाओं के अभाव का मामला सामने आया है। श्रद्धालुओं ने आरोप लगाया है कि मंदिर परिसर में महिलाओं और पुरुषों के लिए स्वच्छ एवं उपयोगी शौचालय की समुचित व्यवस्था नहीं है, जिससे विशेषकर महिला श्रद्धालुओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
समस्तीपुर जिले के वारिसनगर निवासी श्रद्धालु मोहन पंडित ने बताया कि मंदिर के पीछे स्थित शौचालय की स्थिति अत्यंत दयनीय है। उनके अनुसार शौचालय में किवाड़ तक नहीं है तथा इतनी गंदगी फैली हुई है कि उसका उपयोग करना संभव नहीं है।
श्रद्धालुओं ने सवाल उठाया कि करोड़ों रुपये की एफडी वाली न्यास समिति होने के बावजूद श्रद्धालुओं को स्वच्छ शौचालय जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध क्यों नहीं कराई जा रही है। मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचीं स्थानीय एवं बाहरी महिला श्रद्धालुओं ने भी शौचालय और उसके आसपास फैली गंदगी पर नाराजगी जताते हुए कहा कि ऐसी व्यवस्था किसी भी धार्मिक स्थल की गरिमा के अनुरूप नहीं है। उल्लेखनीय है कि यह मुद्दा पिछले सप्ताह से सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बना हुआ है।
सामाजिक सरोकार से जुड़े युवा उज्ज्वल कुमार ने कहा कि पिछले एक वर्ष से इस समस्या को लगातार उठाया जा रहा है, लेकिन न्यास समिति के अध्यक्ष के रवैये के कारण स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। उन्होंने न्यास समिति के सचिव सह जिलाधिकारी कौशल कुमार से आग्रह किया कि श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए मंदिर परिसर में महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग कम से कम एक दर्जन आधुनिक (डीलक्स) शौचालयों का शीघ्र निर्माण कराया जाए।
ज्ञात हो कि श्यामा माई मंदिर में प्रतिदिन लगभग 5,000 तथा रविवार को करीब 10,000 श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में स्वच्छता और मूलभूत सुविधाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक माना जा रहा है।

