डेस्क: दिल्ली एनसीआर समेत देश के कई हिस्सों में लगातार बारिश हो रही है और ऐसा लग रहा है कि पूरे देश में मानसून आ चुका है। हालांकि, राजस्थान, महाराष्ट्र और गुजरात के पास कई हिस्से ऐसे भी हैं, जहां जमकर गर्मी पड़ रही है।
इन जगहों पर मौसम विभाग ने हीटवेव का अलर्ट भी जारी किया है। इसके साथ ही साफ किया है कि इस साल मानसून को दिल्ली तक पहुंचने में लगभग दो सप्ताह और लगेंगे। फिलहाल दिल्ली और उत्तर भारत के अन्य हिस्सों में जो बारिश हो रही है। वह पश्चिमी विक्षोभ के कारण है। अगले दो-तीन दिन तक ऐसे ही हालत बन रहने के आसार हैं।
आईएमडी के अनुसार मानसून की ऊपरी सीमा महाराष्ट्र, तेलंगाना, ओडिशा, बिहार और झारखंड के करीब है। आने वाले दो-तीन दिनों में इन्हीं राज्यों में मानसून के फैलने की संभावना है। वहीं, मराठवाड़ा, तेलंगाना, विदर्भ और पश्चिमी राजस्थान में हीटवेव को लेकर चेतावनी जारी की गई है।
बिहार-बंगाल में तेज हुआ मानसून
दक्षिण पश्चिम मानसून पश्चिम बंगाल और बिहार के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ा है। इसके अलावा कुछ हिस्सा उड़ीसा और झारखंड का भी कवर किया है। एक पश्चिम विक्षोभ के प्रभाव में उत्तर पश्चिम भारत में वर्षा का दौर तेज हवाओं के झोंकों के साथ ओलावृष्टि के साथ जारी रह सकता है और यह घटनाएं 14 जून तक जारी रहने की संभावना है। पिछले 24 घंटे में केरल, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पश्चिम उत्तर प्रदेश में भारी बारिश दर्ज की गई है।
महाराष्ट्र, तेलंगाना में होगी बारिश
आने वाले दो से तीन दिनों में मानसून महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल के बचे हुए हिस्से को भी कवर कर लेगा। इसके साथ ही उड़ीसा, झारखंड, छत्तीसगढ़ और बिहार का कुछ हिस्सा भी कवर कर सकता है। उत्तर पश्चिम भारत में अधिकतम तापमान में 2 से 4° सेल्सियस की गिरावट हो सकती है। इसके बाद तापमान धीरे-धीरे 3 से 5 डिग्री सेल्सियस बढ़ सकता है। उत्तर पश्चिम भारत, मध्य भारत, पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों में बारिश के साथ ओले गिर सकते हैं। उत्तराखंड, उत्तरी पश्चिमी उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, उड़ीसा, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर के राज्यों में भारी बारिश हो सकती है।
राजस्थान में हीटवेव का अलर्ट
धूल भरी आंधी पश्चिमी राजस्थान में आ सकती है और हीट वेव की स्थितियां जारी रह सकती हैं। दक्षिणी पश्चिमी राजस्थान के साथ-साथ महाराष्ट्र, तेलंगाना में हीटवेव की स्थिति रह सकती है। इसके अलावा भारी वर्षा पूर्वी भारत, पूर्व उत्तर भारत और दक्षिण पश्चिमी भारत में हो सकती है। मुख्य रूप से केरल में भारी बारिश होने की संभावना है। तेज हवाओं के झोंके मुख्य रूप से बिहार झारखंड और उड़ीसा में देखे जाने की संभावना है। भारी वर्षा भी बिहार उड़ीसा के साथ-साथ पूर्वोत्तर राज्य में हो सकती है।

