डेस्क:केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को आरोप लगाया कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी बार-बार झूठ बोलकर किसानों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं और भारत-अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते को लेकर आम जनता में भ्रम पैदा कर रहे हैं। चौहान ने कहा कि भारत-अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौता किसानों, मछुआरों, कारीगरों, स्टार्टअप्स और लघु एवं मध्यम उद्यमों के अधिकारों की रक्षा करता है। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि राहुल गांधी लगातार झूठ बोल रहे हैं। वे झूठ बोलकर किसानों को गुमराह करने की असफल कोशिश कर रहे हैं। वे देशवासियों में भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन मैं पूरे विश्वास के साथ कह सकता हूं कि भारत और अमेरिका के बीच हुए समझौते में देश के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। हमारे लघु एवं मध्यम उद्यमों, स्टार्टअप्स, किसानों, कारीगरों और मछुआरों के अधिकारों की रक्षा की गई है।
कृषि मंत्री ने दोनों देशों के बीच अंतरिम व्यापार समझौते का बचाव करते हुए कहा कि विनियमित लागत और सीमित मात्रा के कारण आयात प्रक्रियाएं किसानों के हितों को नुकसान नहीं पहुंचाती हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी सेब की बात कर रहे हैं। हम 55 लाख मीट्रिक टन सेब आयात करते हैं, और किस आधार पर? न्यूनतम आयात मूल्य 80 रुपये प्रति किलो है, और 25 रुपये प्रति किलो अतिरिक्त शुल्क लगता है, यानी लैंडिंग लागत 105 रुपये है। तो इससे किसानों को कैसे नुकसान हो रहा है?
शिवराज ने कहा कि अखरोट के मामले में भी लगातार गुमराह करने के प्रयास किए जा रहे हैं। भारत पहले से ही 60,000 मीट्रिक टन अखरोट आयात करता है। केवल 13,000 मीट्रिक टन का सीमित कोटा ही आवंटित किया गया है। इससे किसानों को कैसे नुकसान होगा? सोयाबीन और मक्का पर कोई सब्सिडी नहीं दी गई। इसके अलावा, चौहान ने गांधी के दावे का खंडन करते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार ने अपने कार्यकाल में आयात की अनुमति नहीं दी थी, और बताया कि उस दौरान 20 अरब डॉलर मूल्य के कृषि उत्पाद आयात किए गए थे।
