डेस्क:महाराष्ट्र की राजनीति में पिछले कुछ दिनों से जो घटनाक्रम घट रहे हैं, उन्होंने न केवल राज्य बल्कि पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के दिग्गज नेता और उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद, उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार का आनन-फानन में उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेना एक नए राजनीतिक विवाद को जन्म दे चुका है। सोमवार को शिवसेना (UBT) के मुखपत्र ‘सामना’ में प्रकाशित संपादकीय ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और राकांपा के कुछ नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं। विपक्षी शिवसेना (उबाठा) ने सोमवार को दावा किया कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) नेता सुनेत्रा पवार के महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने के पीछे का ‘‘सूत्रधार’’ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का नेतृत्व है। सुनेत्रा पवार ने अपने पति अजित पवार के निधन के बाद उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ले ली। शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के मुखपत्र ‘सामना’ में प्रकाशित संपादकीय में यह भी आरोप लगाया गया है कि भाजपा नेतृत्व और राकांपा नेता सुनील तटकरे और प्रफुल्ल पटेल राकांपा के दोनों धड़ों का विलय नहीं चाहते हैं।
