बिजनौर की सदर तहसील में बृहस्पतिवार को सरकारी कामकाज तो हुआ मगर राजस्वकर्मियों में गम का माहौल रहा। नायब तहसीलदार के कार्यालय में अजीब सा सन्नाटा पसरा रहा। राजस्वकर्मी नायब तहसीलदार राजकुमार की बातों और यादों का जिक्र करते नजर आए
उधर पोस्टपोर्टम रिपोर्ट से साफ हुआ कि अस्पताल में पहुंचने तक उनके शरीर का 75 फीसदी खून बह चुका था।
नायब तहसीलदार राजकुमार की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया कि उन्होंने सुबह हल्का नाश्ता किया था। नायब तहसीलदार की कनपटी के दाएं ओर से गोली चली, जो दिमाग को चीरते हुए बाएं ओर से बाहर निकल गई। गोली लगने से उनका करीब 75 प्रतिशत खून बह गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण शॉक एंड हेमरेज ड्यू की एंटी मार्टम फायर एंड आर्म इंजरी निकला है
वहीं, उनके पेट से भोजन के करीब 100 ग्राम ही अपशिष्ट निकले। जिससे साफ जाहिर है कि सुबह के समय हल्का नाश्ता ही किया था। इसके अलावा शरीर के अन्य किसी हिस्से पर कोई निशान नहीं मिला। जानकारों का कहना है कि ऐसी स्थिति में हृदय तेजी से काम करता है, जिससे खून तेजी से शरीर से बाहर निकलता है। इसलिए, उनका ज्यादातर खून नसों से बाहर निकल गया। शरीर में केवल 25 प्रतिशत रक्त ही शेष रह गया था।
बता दें कि बुधवार सुबह करीब दस बजे नायब तहसीलदार राजकुमार ने अपने सरकारी आवास के कमरे में खुद को बंद करने के बाद पिस्टल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी। अब राजकुमार इस दुनिया में नहीं रहे लेकिन उनकी यादें बाकी रह गई हैं। उधर बृहस्पतिवार को दोपहर में तहसील में नायब तहसीलदार की आत्मशांति के लिए राजस्वकर्मियों ने दो मिनट का मौन धारण किया।
मोबाइल है अनलॉक, परिवार में कलह को माना जा रहा प्राथमिक कारण
राजकुमार की आत्महत्या के पीछे वजह को लेकर पुलिस और प्रशासन किसी नतीजे पर नहीं पहुंच पाया है। प्राथमिक तौर पर परिवार में कलह को खुदकुशी का कारण माना जा रहा है। उधर परिवार सदमे है, ऐसे में कोई वजह पूछने को भी तैयार नहीं है। बागपत के रहने वाले नायब तहसीलदार राजकुमार फिलहाल बिजनौर की सदर तहसील में तैनात थे। जिस समय उन्होंने गोली मारी, उस वक्त उनके सरकारी आवास में सिर्फ चार ही लोग मौजूद थे, माता-पिता, पत्नी, दो साल की बच्ची और खुद राजकुमार। अब मौत के साथ ही आत्महत्या की वजह राजकुमार के साथ ही दफन हो गई। माता पिता और पत्नी भी कुछ समझ नहीं पाए।
ये बोले एएसपी
आत्महत्या करने का क्या कारण रहा, इसकी जांच की जा रही है। परिवार के लोगों से भी बातचीत कर पता लगाने की कोशिश की जाएगी।
– संजीव वाजपेयी
- , एएसपी सिटी
