
दरभंगा : यूनेस्को क्लब दरभंगा के तत्वावधान में क्लब के सात सदस्य दंपतियों की शादी का वर्षगांठ समारोह स्थानीय महाराजा होटल में मनाया गया, जिनमें कुलपति प्रो. समीर कुमार वर्मा-ममता वर्मा, सिद्धूमल बजाज-विमला बजाज डॉ. एमएच खान राजू-डॉ. नाजिया, डॉ. एसएच अली-आयशा, सीए कुमार संजय-मनीषा कुमारी, रामबाबू साह-नीलम साह तथा विजय अग्रवाल-सुनीता अग्रवाल शामिल हैं।

इन दम्पतियों को विशेष अंदाज में पुष्पवर्षा करते हुए मंच पर दो ग्रुपों में अलग-अलग बुलाकर टीका लगाया गया तथा आरती भी उतारी गई। तत्पश्चात पति-पत्नी ने एक-दूसरे को वरमाला पहनाया। वहीं, राघवेन्द्र कुमार झा ने मांगलिक मंत्रोच्चार किया। सभी जोड़ों ने अलग-अलग केक काटकर एक-दूसरे को खिलाया तथा अपनी-अपनी पत्नी के बालों में गजरा लगाते हुए गुलाब का फूल प्रदान कर अपने गहरे प्रेम का इजहार भी किया।

समारोह में इन दम्पतियों के बीच मिनी प्रियदर्शनी के द्वारा कई तरह के म्यूजिकल गेम्स कराए गए तथा सभी विजयी पति-पत्नी को अतिथियों के द्वारा गिफ्ट भी प्रदान किया गया। समारोह में डॉ. बीके मिश्रा, डॉ. आरएनपी सिन्हा, डॉ. गीतेन्द्र ठाकुर, डॉ. बीबी शाही, डॉ. अलका द्विवेदी, डॉ. मनीष कुमार, डॉ. डीके शुक्ला, डॉ. अंजू अग्रवाल, डॉ. वसुंधरा रानी, डॉ. जगत नायक, डॉ. स्वाति शिखा, डॉ. आरएन चौरसिया, अरविन्द सुंदर झा, रतन कुमार खेरिया, दीपक कुमार सिन्हा, श्रवण कुमार बैरोलिया, एमपी अग्रवाल, प्रणव नारायण, वीणा सिन्हा, गार्गी द्विवेदी, कुसुम बैरोलिया, प्रेरणा नारायण, नीलम पंसारी, एके कश्यप, नीलम अग्रवाल आदि उपस्थित थे। मनोरंजन कुमार अग्रवाल तथा डॉ. आरएन चौरसिया को बेहतरीन समारोह संयोजन के लिए क्लब द्वारा विशेष रूप से सम्मानित किया गया। वहीं, डॉ. अंजू अग्रवाल, राघवेन्द्र कुमार, नीलम पंसारी आदि ने सराहनीय योगदान किया।

क्लब के अध्यक्ष बिनोद कुमार पंसारी ने क्लब की गतिविधियों एवं उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए सदस्यों का स्वागत किया तथा कहा कि इस क्लब द्वारा पारिवारिक गेट टुगेदर, एक शाम वीरों के नाम तथा कृष्ण रूप सज्जा आदि महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि शादी एक सामाजिक एवं भावात्मक बंधन है जो पति-पत्नी को जीवन भर के लिए जोड़े रखता है। यह हमें अपने समाज में मर्यादित एवं अनुशासित सुखमय जीवन जीने का आधार प्रदान करती है। क्लब के महासचिव राघवेन्द्र कुमार ने कहा कि परिवार हमारे सामाजिक जीवन का मूल आधार है। यह प्रेम, विश्वास, त्याग और समर्पण की नींव पर टिकी है जो हमारे जीवन को पूर्णता प्रदान करती है। क्लब के मीडिया इन्चार्ज डॉ. आरएन चौरसिया ने कहा कि भारतीय संस्कृति में विवाह को एक पवित्र संस्कार माना गया है। यह दो व्यक्ति या दो परिवारों का ही मिलन नहीं, बल्कि दो आत्मा का भी मिलन है। मनोरंजन कुमार अग्रवाल ने कहा कि वैवाहिक व्यक्ति मानसिक रूप से अधिक स्थिर एवं तनाव मुक्त होते हैं। शादी हमारे जीवन को अधिक व्यवस्थित एवं सुरक्षित बनता है।
कुलपति प्रो. समीर कुमार वर्मा ने अपनी शादी की 46वीं वर्षगांठ मनाते हुए कहा कि पति-पत्नी एक-दूसरे के पूरक एवं अन्योन्याश्रित होते हैं। उन्होंने अपने वैवाहिक जीवन के खट्टे-मीठे दास्तानों को बड़े मनोरंजक ढंग से व्यक्त किया। इस अवसर पर अन्य दंपतियों ने भी अपने अनुभवों को साझा किया। वहीं, उपस्थित लोगों ने इन दंपतियों के स्वास्थ्य, सुखमय एवं लंबे वैवाहिक जीवन की कामना की। इस अवसर पर मनोरंजन कुमार अग्रवाल ने ‘तेरे मेरे सपने…’, ‘प्रेम का बंधन यूं ही बना रहे…’ आदि का मनमोहक गायन प्रस्तुत किया। समारोह का संचालन मिनी प्रियदर्शनी ने खास अंदाज में किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अंजू अग्रवाल ने किया।
