डेस्क : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को कहा कि कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन में एक गर्भवती महिला पत्रकार के साथ कथित ‘मारपीट और अभद्रता’ के बाद विपक्षी दल और उसके नेता राहुल गांधी का ‘महिला विरोधी’ चेहरा उजागर हो गया है। गुप्ता ने कांग्रेस के एक सांसद पर लगे यौन उत्पीड़न के आरोपों पर प्रियंका गांधी वाद्रा की चुप्पी पर सवाल उठाए।
मुख्यमंत्री ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में दावा किया, “तीन माह की गर्भवती महिला पत्रकार ऋचा पाराशर के साथ प्रदर्शन की कवरेज के दौरान मारपीट और अभद्रता घोर निंदनीय है। ऋचा की आपबीती कांग्रेस की कथनी और करनी के बीच का अंतर उजागर करती है। जब महिलाएं सवाल पूछने जाती हैं, तो उनके साथ अभद्र व्यवहार किया जाता है, भद्दी गालियां दी जाती हैं। अपनी ड्यूटी निभा रही गर्भवती महिला पत्रकार के साथ हिंसा की जितनी भर्त्सना की जाए, कम है।”
गुप्ता ने कहा कि जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में यौन शोषण के आरोपी कांग्रेस सांसद पर तो राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने मौन धारण किया हुआ है। उन्होंने कहा, ” ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ जैसे चुनावी नारे देने वाले राजनीतिक दलों का असली चरित्र जनता के सामने है।”
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी और कांग्रेस का नारी सम्मान देश देख रहा है और जनता जवाब भी देगी और हिसाब भी करेगी। उन्होंने कहा कि सोमवार को, जब भाजपा महिला मोर्चा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस मुख्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया, तो उन्हें “अशोभनीय व्यवहार और भद्दी गालियों” का सामना करना पड़ा। इससे पहले दिन में भाजपा के एक प्रतिनिधिमंडल ने घटना को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।


