सीवान। जिले के महान शिक्षाविद् एवं भारतेश्वरी मारवाड़ी संस्कृत महाविद्यालय, छपरा के प्रधानाचार्य डॉ॰ गजानन पाण्डेय के पिता *पंडित रामसागर पाण्डेय* का 104 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही शिक्षा एवं सामाजिक जगत सहित समस्त समाज में शोक की लहर दौड़ गई।
पंडित रामसागर पाण्डेय अनुशासित, धार्मिक एवं सादगीपूर्ण जीवन के लिए जाने जाते थे। उनकी दिनचर्या में प्रतिदिन नियमित व्यायाम, पूजा-पाठ तथा डायरी लेखन प्रमुख रूप से शामिल था। उम्र के इस पड़ाव पर भी वे अपनी दिनचर्या के प्रति पूरी तरह सजग रहते थे। विगत कुछ दिनों से वे अस्वस्थ चल रहे थे।
परिजनों के अनुसार, उनके दोनों पुत्र एवं परिवार के सभी सदस्य सदैव उनकी भरपूर सेवा करते रहे और उनकी सेवा को अपना सौभाग्य समझते थे। परिवार के प्रति उनका स्नेह और अनुशासित जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहा।
उनके निधन से परिवार, शुभचिंतकों, शिक्षाविदों एवं समाज के लोगों में गहरा शोक व्याप्त है। लोगों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हुए शोकाकुल परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की।

