डेस्क:पश्चिम बंगाल में अवैध प्रवासियों के खिलाफ जारी चौतरफा सख्ती के बीच एक बेहद चौंकाने वाला और गंभीर घटनाक्रम सामने आया है। डिटेंशन सेंटरों (हिरासत केंद्रों) में पकड़े जाने और कानूनी कार्रवाई के डर से सैकड़ों अवैध बांग्लादेशी प्रवासी अब पश्चिम बंगाल की सीमा चौकियों और ट्रांजिट टर्मिनलों की ओर भाग रहे हैं। भारत छोड़ने की इस कशमकश के बीच, दशकों से यहाँ रह रहे इन प्रवासियों ने मीडिया के सामने खुलकर यह कबूल किया है कि वे भारत की सीमा में कैसे दाखिल हुए और किस तरह उन्होंने फर्जी भारतीय दस्तावेज हासिल किए।

