डेस्क: भारत आज अपना 77वां गणतंत्र दिवस गर्व के साथ मना रहा है. इस राष्ट्रीय अवकाश के दिन घरेलू सराफा बाजारों में सोने की कीमतें अपने ऐतिहासिक उच्चतम स्तर पर स्थिर बनी हुई हैं. अंतरराष्ट्रीय बाजार में जारी उतार-चढ़ाव और भू-राजनीतिक तनाव के कारण इस महीने सोने की कीमतों में अप्रत्याशित तेजी देखी गई है. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट सोना ₹1,60,400 प्रति 10 ग्राम पर टिका हुआ है, वहीं 22 कैरेट सोने की खुदरा कीमत ₹1,47,040 प्रति 10 ग्राम दर्ज की गई है.
राष्ट्रीय अवकाश के कारण बाजार में स्थिरता
गणतंत्र दिवस के उपलक्ष्य में आज मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) सहित सभी प्रमुख घरेलू कमोडिटी बाजार बंद हैं. इस कारण विभिन्न शहरों में सोने के भौतिक भाव पिछले सप्ताहांत (शनिवार) की क्लोजिंग कीमतों के आसपास ही बने हुए हैं. गौरतलब है कि 24 जनवरी को अंतरराष्ट्रीय संकेतों के चलते सोने के भाव में एक ही सत्र में ₹3,000 से अधिक का बड़ा उछाल देखा गया था.
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि मध्य पूर्व में जारी तनाव और पश्चिम में व्यापारिक शुल्कों (Tariffs) को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण निवेशकों का रुझान सोने की तरफ बढ़ा है. साल 2026 की शुरुआत से अब तक सोने की कीमतों में लगभग 18 प्रतिशत की वृद्धि हो चुकी है.
प्रमुख शहरों में आज के सोने के भाव (26 जनवरी, 2026)
भारत के विभिन्न राज्यों में स्थानीय करों और मेकिंग चार्जेस के कारण सोने की कीमतों में मामूली अंतर देखा जा रहा है. नीचे प्रमुख शहरों के रेट दिए गए हैं:
शहर22K सोना (प्रति 10 ग्राम)24K सोना (प्रति 10 ग्राम)दिल्ली₹ 1,47,040₹ 1,60,400मुंबई₹ 1,46,890₹ 1,60,250चेन्नई₹ 1,47,490₹ 1,59,480लखनऊ₹ 1,47,040₹ 1,60,400कोलकाता₹ 1,46,890₹ 1,60,250बेंगलुरु₹ 1,46,890₹ 1,60,250अहमदाबाद₹ 1,46,940₹ 1,60,300श्रीनगर₹ 1,47,180₹ 1,60,540
शादियों के सीजन और चांदी की कीमतों का हाल
सोने की इन आसमान छूती कीमतों ने आम खरीदारों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, खासकर तब जब देश में शादियों का सीजन अपने चरम पर है. हालांकि खुदरा मांग में थोड़ी कमी आई है, लेकिन डिजिटल गोल्ड और गोल्ड ईटीएफ (ETF) में निवेश के नए रिकॉर्ड बन रहे हैं. चांदी की बात करें तो दिल्ली में यह ₹3,34,900 प्रति किलोग्राम के करीब बिक रही है, जबकि चेन्नई और हैदराबाद जैसे दक्षिणी बाजारों में चांदी की कीमत ₹3.65 लाख प्रति किलोग्राम के स्तर को छू रही है.
भविष्य का अनुमान
बाजार के जानकारों की नजर अब मंगलवार, 27 जनवरी पर टिकी है जब घरेलू बाजार दोबारा खुलेंगे. डॉलर की मजबूती और केंद्रीय बैंकों द्वारा सोने की खरीदारी भविष्य की दिशा तय करेगी. कुछ अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों ने भविष्यवाणी की है कि यदि मौजूदा आर्थिक अनिश्चितता बनी रहती है, तो इस साल के अंत तक सोना ₹1.75 लाख के स्तर को भी पार कर सकता है.
