डेस्क: भारतीय रेलवे वक्त के साथ अपनी सुविधाएं तो बढ़ा ही रही है, साथ ही सख्ती भी उतनी ही कर रही है, रेलवे के पश्चिम रेलवे जोन ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की पहली तीन तिमाहियों 1 अप्रैल 2025 से 31 दिसंबर 2025 में बिना टिकट यात्रा करने वाले यात्रियों से जुर्माने के रूप में बड़ी रकम वसूली है. पश्चिम रेलवे ने इस अवधि में 155.46 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में लगभग 49 प्रतिशत अधिक है. इन रिकॉर्ड बनाने वाली जुर्माने की बड़ी रकम चारों ओर चर्चा का विषय बनी हुई है. जुर्माना वसूलने की ये बड़ी रकम टिकट चेकिंग अभियानों की तीव्रता और प्रभावशीलता को दर्शाती है. पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह राशि मुंबई उपनगरीय सेक्शन, मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों और पैसेंजर ट्रेनों में किए गए सघन जांच अभियानों से प्राप्त हुई. इसमें से 41.26 करोड़ रुपये केवल मुंबई उपनगरीय सेक्शन से आए, जो जोन की सबसे व्यस्त लाइनों पर बिना टिकट यात्रा की समस्या की गंभीरता को उजागर करता है.
दिसंबर महीने का प्रदर्शन
केवल दिसंबर 2025 में ही 2.51 लाख बिना टिकट यात्रियों, अनबुक्ड लगेज सहित का पता लगाया गया, जिनसे 15.54 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया. यह पिछले वर्ष के दिसंबर की तुलना में 42 प्रतिशत ज्यादा है. इस साल बढ़ा चार्ज दिखा रहा है कि वक्त के साथ चीज़ों पर लगातार कड़ी निगरानी रखी जा रही है.
एसी लोकल ट्रेनों में विशेष फोकस
मुंबई की एसी लोकल ट्रेनों में अनधिकृत प्रवेश बड़ी समस्या है. इस पर अंकुश लगाने के लिए लगातार जांच अभियान चलाए गए. अप्रैल से दिसंबर 2025 तक लगभग 91,000 अनधिकृत यात्रियों को पकड़ा गया, जिनसे 2.97 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया. यह राशि पिछले साल की इसी अवधि से 97 प्रतिशत अधिक है.
अभियानों का उद्देश्य
टिकट चेकिंग अभियान अधिकारियों की निगरानी में टिकट चेकिंग टीमों द्वारा संचालित किए गए. मुख्य उद्देश्य बिना टिकट यात्रा पर रोक लगाना, राजस्व की रक्षा करना और वैध यात्रियों को सुविधाजनक यात्रा प्रदान करना है. इन अभियानों से न केवल राजस्व बढ़ा, ट्रेनों में भी आने वाले समय में अनुशासन भी बने रहने की उम्मीद बढ़ी है.
व्यापक संदर्भ और अपील
पिछले वित्तीय वर्ष 2024-25 में पश्चिम रेलवे ने पूरे वर्ष में 150.86 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड जुर्माना वसूला था. रेलवे ने जनता से अपील की है कि वे हमेशा वैध और उचित टिकट के साथ यात्रा करें. आने वाले महीनों में ऐसे अभियान जारी रहेंगे, जिससे भारतीय रेलवे की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी और यात्रा अनुभव बेहतर बनेगा.
