डेस्क : डॉक्टरों का काम केवल मरीजों का इलाज करना ही नहीं, बल्कि कई बार बेहद मुश्किल परिस्थितियों में घंटों तक धैर्य और एकाग्रता बनाए रखना भी होता है। चीन में करीब 12 साल पहले हुई एक जटिल ब्रेन सर्जरी की तस्वीरों ने दुनिया भर के लोगों का ध्यान खींचा था। मरीज के मस्तिष्क में कई गंभीर समस्याएं थीं, जिसके चलते ऑपरेशन करीब 32 घंटे तक चला। सर्जरी पूरी होने के बाद डॉक्टर इतने थक गए कि ऑपरेशन थिएटर के पास ही फर्श पर लेट गए। इनमें से एक डॉक्टर ने लेटे हुए ही हाथ से जीत का निशान बनाया। यह तस्वीर मेडिकल टीम की मेहनत और लंबे ऑपरेशन के दौरान झेली गई शारीरिक थकान की यादगार तस्वीर बन गई।
32 घंटे तक चला था मुश्किल ऑपरेशन
चीनी मीडिया की रिपोर्टों के अनुसार, यह ऑपरेशन 21 जून 2014 की सुबह शुरू हुआ था और 22 जून की शाम तक चला। फुजियान मेडिकल यूनिवर्सिटी यूनियन हॉस्पिटल के तीन सर्जनों ने मिलकर मरीज का ऑपरेशन किया। इस दौरान छह एनेस्थीसिया विशेषज्ञों और आठ नर्सों सहित मेडिकल स्टाफ ने सहयोग दिया। मरीज के मस्तिष्क में एन्यूरिज्म और ब्रेनस्टेम में ब्लड वेसल्स से जुड़ा एक ट्यूमर था, जिसे हेमैन्जियोब्लास्टोमा कहा जाता है। इन समस्याओं के कारण सर्जरी काफी जटिल हो गई थी। डॉक्टरों के सामने चुनौती थी कि जरूरी प्रक्रियाओं को सावधानीपूर्वक पूरा किया जाए और मस्तिष्क के संवेदनशील हिस्सों को नुकसान से बचाया जाए।
एक साथ कई प्रक्रियाएं करना था जरूरी
रिपोर्टों के मुताबिक, मरीज की स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने एक ही ऑपरेशन के दौरान कई सर्जिकल प्रक्रियाएं पूरी कीं। बताया गया कि इस दौरान छह अलग-अलग प्रक्रियाओं को अंजाम दिया गया। ऑपरेशन में शामिल डॉक्टर चेन जियानपिंग के अनुसार, दोनों समस्याओं का इलाज एक ही सर्जरी में करना जरूरी था। मस्तिष्क की सर्जरी बेहद संवेदनशील होती है। इसमें रक्त वाहिकाओं और आसपास के महत्वपूर्ण हिस्सों को सुरक्षित रखना पड़ता है। ऐसी स्थिति में डॉक्टरों को हर कदम बेहद सावधानी से उठाना पड़ता है। इसी वजह से इस ऑपरेशन में लंबा समय लगा।
ऑपरेशन के बाद फर्श पर लेट गए डॉक्टर
32 घंटे तक चली इस जटिल सर्जरी के बाद डॉक्टरों की थकान तस्वीरों में साफ दिखाई दी। ऑपरेशन पूरा होने पर दो डॉक्टर फर्श पर लेटे नजर आए, जबकि उनमें से एक ने हाथ से जीत का निशान बनाया। तस्वीरें सामने आने के बाद लोगों ने मेडिकल टीम की मेहनत और समर्पण की सराहना की। हालांकि, अस्पताल की ओर से बताया गया था कि ऑपरेशन के दौरान टीम के सदस्यों ने बारी-बारी से आराम भी किया था। इतने लंबे समय तक एक ही मेडिकल टीम द्वारा जटिल सर्जरी में शामिल रहना उनके लिए शारीरिक और मानसिक रूप से चुनौतीपूर्ण था।
डॉक्टर चेन ने अपनी टीम को दिया श्रेय
इस ऑपरेशन से जुड़ी रिपोर्टों में डॉक्टर चेन जियानपिंग ने मेडिकल टीम के सामूहिक प्रयासों को अहम बताया। उन्होंने कहा कि मरीजों की जान बचाने के लिए डॉक्टरों के साथ कई अन्य स्वास्थ्यकर्मी भी लगातार मेहनत करते हैं, जिनका योगदान अक्सर सुर्खियों में नहीं आ पाता। यह घटना याद दिलाती है कि किसी भी जटिल सर्जरी के पीछे केवल एक डॉक्टर नहीं, बल्कि पूरी मेडिकल टीम का योगदान होता है। सर्जन, एनेस्थीसिया विशेषज्ञ और नर्सें मिलकर मरीज की सुरक्षा और इलाज के लिए काम करते हैं।
नोट: यह घटना जून 2014 की है। इसे हाल की घटना के रूप में साझा करना सही नहीं होगा। उस समय की रिपोर्टों में ऑपरेशन पूरा होने की जानकारी दी गई थी।


