डेस्क: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और अमरेली के पूर्व सांसद वीरजी थुम्मर का लंबी बीमारी के बाद बुधवार को यहां उनके आवास पर निधन हो गया। पार्टी के एक नेता ने यह जानकारी दी। वह 67 वर्ष के थे। कांग्रेस की अमरेली जिला इकाई के अध्यक्ष प्रताप दूधात ने बताया कि पिछले चार वर्षों से कैंसर से जूझ रहे थुम्मर का दोपहर करीब 12:15 बजे निधन हो गया।
थुम्मर ने 2004 से 2009 तक लोकसभा में अमरेली का प्रतिनिधित्व किया था। इसके अलावा वह 2017 से 2022 के बीच अमरेली की लाठी विधानसभा सीट से कांग्रेस के विधायक भी रहे। दूधात ने पूर्व सांसद के निधन को कांग्रेस और अमरेली जिले के लोगों के लिए एक बड़ी क्षति बताया। उन्होंने कहा कि थुम्मर ने अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत एक किसान नेता के रूप में की थी और विधायक व सांसद बनने से पहले वह छोटी उम्र में ही जिला पंचायत सदस्य बन गए थे।
दूधात ने कहा, चाहे वह चुनाव जीतें या हारें, ऐसा एक भी दिन नहीं बीता जब उन्होंने जनता के मुद्दों के लिए अपनी आवाज न उठाई हो। आक्रामक शैली के नेता के रूप में पहचाने जाने वाले थुम्मर ने लाठी सीट से 2022 का गुजरात विधानसभा चुनाव भी लड़ा था, लेकिन उन्हें भाजपा उम्मीदवार से हार का सामना करना पड़ा। दूधात ने कहा, उनकी कमी से एक ऐसा खालीपन पैदा हो गया है जिसे कभी भरा नहीं जा सकता। यह पार्टी और जिले की जनता दोनों के लिए अत्यंत दुखद क्षण है। कांग्रेस के साथ-साथ सत्तारूढ़ भाजपा के नेताओं ने भी थुम्मर के निधन पर शोक व्यक्त किया और उन्हें श्रद्धांजलि दी।


