डेस्क: सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षाविद् सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) की भूख हड़ताल लगातार लंबी होती जा रही है। उनके आंदोलन को लेकर अब देश की कई विपक्षी पार्टियां खुलकर समर्थन में उतर आई हैं। आम आदमी पार्टी (AAP), कांग्रेस, समाजवादी पार्टी (SP), शिवसेना (UBT), तृणमूल कांग्रेस (TMC), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPI-M) और नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) समेत कई दलों ने केंद्र सरकार से उनकी मांगों पर बातचीत करने की अपील की है।
केजरीवाल ने जंतर-मंतर पहुंचकर जताया समर्थन
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जंतर-मंतर पहुंचकर सोनम वांगचुक से मुलाकात की। उन्होंने वांगचुक को देश का प्रतिष्ठित शिक्षाविद बताते हुए कहा कि उन्होंने समाज और लद्दाख के लिए लंबे समय तक काम किया है। केजरीवाल ने उनके आंदोलन को साहसिक कदम बताते हुए सरकार से उनकी बात सुनने की अपील की।
कांग्रेस ने भी रखा पक्ष
कांग्रेस ने वांगचुक की स्वास्थ्य स्थिति पर चिंता जताते हुए उनसे अनशन समाप्त करने की अपील की। साथ ही पार्टी ने शिक्षा व्यवस्था और जवाबदेही जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरते हुए कहा कि वह वांगचुक द्वारा उठाए गए सवालों को गंभीर मानती है।
कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने कहा कि पार्टी उनकी चिंताओं के साथ खड़ी है। वहीं कांग्रेस नेता जिग्नेश मेवाणी ने भी युवाओं और आंदोलन की मांगों का समर्थन किया।
समाजवादी पार्टी का समर्थन
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने सोनम वांगचुक से स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए अनशन समाप्त करने का आग्रह किया। पार्टी सांसद डिंपल यादव, धर्मेंद्र यादव और विधायक रागिनी सोनकर सहित कई नेताओं ने जंतर-मंतर पहुंचकर आंदोलन के प्रति समर्थन जताया।
शिवसेना (UBT) और टीएमसी ने जताई चिंता
शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे और तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने भी वांगचुक के स्वास्थ्य को लेकर चिंता व्यक्त की। दोनों नेताओं ने उनसे अनशन खत्म करने की अपील करते हुए केंद्र सरकार से समाधान निकालने का आग्रह किया।
वाम दल और नेशनल कॉन्फ्रेंस भी साथ
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPI-M) के वरिष्ठ नेता पिनाराई विजयन ने केंद्र सरकार पर आंदोलन को लेकर उदासीन रवैया अपनाने का आरोप लगाया। वहीं जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस नेता उमर अब्दुल्ला ने भी वांगचुक की मांगों के समर्थन में बयान दिया।
किसान संगठनों का मिला समर्थन
भारतीय किसान यूनियन (BKU) के नेता राकेश टिकैत भी जंतर-मंतर पहुंचे और सोनम वांगचुक से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) आंदोलन के साथ खड़ा है और सरकार को शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों से जल्द बातचीत करनी चाहिए।
फिल्म जगत से भी समर्थन
बॉलीवुड अभिनेत्री सोनाक्षी सिन्हा ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से सोनम वांगचुक का समर्थन किया। उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी कर कहा कि देश के बच्चों और शिक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर चल रहे इस आंदोलन पर अब चुप नहीं रहा जा सकता।
हाई कोर्ट ने दिए स्वास्थ्य निगरानी के निर्देश
सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत को देखते हुए दिल्ली उच्च न्यायालय ने केंद्र सरकार और संबंधित अधिकारियों को उनकी नियमित चिकित्सकीय निगरानी सुनिश्चित करने और आवश्यक सुरक्षा व स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
विपक्षी दलों और विभिन्न संगठनों की साझा मांग है कि केंद्र सरकार आंदोलनकारियों से जल्द संवाद शुरू करे और उनकी मांगों पर सकारात्मक समाधान तलाशे।

