उत्तर प्रदेश

हाथी, साइकिल और पंजा वाले जहां रहते हैं, वहां माहौल खराब करने की करते हैं कोशिश: संजय निषाद

डेस्क:लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री संजय निषाद ने जी7 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ और विपक्षी सांसदों के एनडीए में शामिल होने के राजनीतिक दावों समेत कई मामलों पर रिएक्शन दिया है। आईएएनएस से बातचीत करते हुए संजय निषाद ने कहा कि भारत की महाशक्ति को समझने के लिए ट्रंप का आभार जताता हूं। ट्रंप की ओर से पीएम मोदी की तारीफ पर मैं बधाई देता हूं। पीएम मोदी ने वैश्विस परिदृश्य में भारत को सशक्त बनाया। उन्होंने कहा कि डूबती हुई अर्थव्यवस्था, भारत के डूबते हुए पहचान के साथ ही उन्होंने भारत को आत्मनिर्भर बनाया। राम मंदिर मामले पर संजय निषाद ने कहा, “मैं पहले भी कहता रहा हूं कि हाथी, साइकिल और पंजा वाले जहां रहते हैं, वहां मौका मिलते ही माहौल खराब करने की कोशिश करते हैं। योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद दूंगा कि उनके संज्ञान में कोई भी मामला आता है तो उस पर विस्तृत जांच कराते हैं और जांच में जो भी दोषी पाया जाता है, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाती है।
संजय निषाद ने कहा कि धर्म अलग है और राजनीति अलग है। धार्मिक व्यवस्था अलग है और राजनीतिक व्यवस्था अलग है। राजनीतिक व्यवस्था में सेलेक्शन और इलेक्शन होता है, लेकिन धार्मिक व्यवस्था में उस विचारधारा से लोग सेलेक्ट होकर आते हैं। ऐसे में किसी की नीयत कब बदल जाए इसका कोई ठिकाना नहीं है। उन्होंने कहा कि देश के सभी मंदिरों आगे कोई घटना न घटे, इसके लिए भी व्यवस्था होनी चाहिए।
सपा के सांसदों को लेकर किए जा रहे दावे पर संजय निषाद ने कहा कि अगर सांसद भाजपा की विचारधारा से सहमत हैं तो निश्चित तौर पर आना चाहेंगे तो उनका स्वागत है। देश में विकास चाहिए। वे विकास के विरोध में तो नहीं बोल सकते। विकास के साथ आएंगे तो उनकी राजनीति भी बनी रहेगी। ऐसे में वे सांसद आ रहे हैं और वे एनडीए में आना चाहते हैं।
मानसून सत्र में महिला आरक्षण बिल को केंद्र सरकार की ओर से लाने की तैयारी पर संजय निषाद ने कहा कि जिन लोगों ने इस बिल के विरोध में वोटिंग की थी, वे हार गए। वे बंगाल हार गए और आगे भी हारेंगे। सभी लोगों ने बंगाल चुनाव को देखा है। एक भी महिला ने उनको वोट नहीं दिया है। इसलिए वे बिल का समर्थन करेंगे।
सपा की ओर से ब्राह्मण समाज को साधने की तैयारी पर संजय निषाद ने कहा कि ब्राह्मण समुदाय राजनीतिक समुदाय है। वे शुरू से ही पढ़ने, पढ़ाने और दिशा देते रहे हैं। वे विचारधारा से चलने वाला वर्ग है। ब्राह्मणों की विचारधारा भाजपा की है। समाजवादी पार्टी उस विचारधारा के विरोध में है। वे फोटो कहीं भी खिंचवा लेंगे, लेकिन अंत में बटन वहीं दबाएंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *