दरभंगा। संस्कृत विश्वविद्यालय में आचार्य व शास्त्री के विभिन्न सत्रों समेत उपशास्त्री की परीक्षा गुरुवार 07 मई से दो पालियों में शुरू हो गयी। करीब करीब पूरे बिहार के दर्जनभर से अधिक जिलों के केंद्रों पर परीक्षा चल रही है। अररिया के अनन्तलाल सार्वजनिक संस्कृत उपशास्त्री कालेज, जमुआ को पहली बार परीक्षा केंद्र बनाया गया है। इसके पहले यहां के बच्चे को परीक्षा देने के लिए काफी दूर सुखसेना, पूर्णिया जाना पड़ता था। खास बात यह है कि इस केंद्र के कुल 180 परीक्षार्थियों में अधिकांश लड़की है। उक्त जानकारी देते हुए पीआरओ डॉ निशिकांत ने बताया कि मुख्यालय में भी शिक्षा शास्त्र विभाग एवं म. अ. र. लता संस्कृत कालेज को भी परीक्षा केंद्र बनाया गया है। यहां कुल 1037 बच्चे परीक्षा दे रहे हैं। इसी बीच कुलपति प्रो. लक्ष्मीनिवास पांडेय ने शिक्षा शास्त्र विभाग केंद्र का औचक निरीक्षण किया एवं जरूरी निर्देश भी दिए। उन्होंने प्रश्नावली से सम्बंधित बच्चों से फीडबैक भी लिया। मौके पर केंद्राधीक्षक डॉ घनश्याम मिश्र व नोडल पदाधिकारी डॉ रामसेवक झा भी मौजूद थे। वहीं परीक्षा नियंत्रक डॉ ध्रुव मिश्र ने कहा कि आचार्य द्वितीय सेमेस्टर सत्र 2023-25, आचार्य चतुर्थ सेमेस्टर सत्र 2022-24, शास्त्री चतुर्थ सेमेस्टर सत्र 2023-27, शास्त्री द्वितीय सेमेस्टर सत्र 2024-28, शास्त्री प्रथम सेमेस्टर सत्र 2025-29, आचार्य प्रथम सेमेस्टर सत्र 2025-27, उपशास्त्री सत्र 2024-26 (शास्त्री द्वितीय सेमेस्टर सत्र 2023-27, आचार्य चतुर्थ सेमेस्टर सत्र 2021-23, आचार्य तृतीय सेमेस्टर सत्र 2022-24 एवं आचार्य द्वितीय सेमेस्टर सत्र 2022-24 पूर्वर्ती छात्र) की परीक्षा दो पालियों में आज से शुरू हो गयी है जो रविवार छोड़कर 16 मई तक चलेगी। उन्होंने बताया कि किसी किसी सेंटर से कुछ बच्चों के अनुपस्थित रहने की भी सूचना है। वैसे सात हजार से अधिक बच्चे परीक्षा में शामिल हुए हैं और कहीं से भी अनियमितता की कोई सूचना नहीं है।
बता दें कि दरभंगा, मधुबनी, बेगूसराय, छपरा, चंपारण, गया, पटना, भोजपुर, भागलपुर, गोपालगंज, समस्तीपुर, सहरसा समेत अररिया के संस्कृत कालेजों में परीक्षा ली जा रही है।

