दिल्ली : पालम अग्निकांड
इससे भयावह कुछ नहीं हो सकत. पूरी बिल्डिंग आग की चपेट में है, मौत सामने खड़ी है, ऐसे में इंसान करे तो क्या करे. 35 वर्षीय यश को जब कुछ नहीं सूझा तो पहले 12 साल की बेटी को 9वीं मंजिल से नीचे फेंक दिया. फिर, 11 साल की भतीजी को फेंक दिया और फिर खुद 9वीं मंजिल से कूद गया. लेकिन, सब मारे गए.
