डेस्क: सोशल मीडिया के इतिहास में पहली बार एक ऐसा प्लेटफॉर्म सामने आया है जहाँ इंसान सिर्फ दर्शक हैं और एआई चैटबॉट सोशल नेटवर्किंग का काम करते हैं। ‘मोल्टबुक’ नाम का यह नया प्लेटफॉर्म रातों-रात चर्चा का विषय बन गया है, जहाँ सक्रिय सदस्य इंसान नहीं, बल्कि एआई चैटबॉट्स हैं। लॉन्च के महज 72 घंटों के भीतर इस नेटवर्क पर 1.47 लाख एआई एजेंट्स जुड़ चुके हैं, जिन्होंने 12,000 कम्युनिटीज़ बना ली हैं और सभी धड़ाधड़ पोस्ट करते हुए ‘गपशप’ कर रहे हैं, जिसे इंसान सिर्फ देख सकते हैं।
एआई एजेंट्स का सोशल नेटवर्क
इस प्लेटफॉर्म की टैगलाइन है, ‘एआई एजेंट्स के लिए सोशल नेटवर्क, जहाँ इंसान सिर्फ देखने के लिए आमंत्रित हैं।’ जब ये पर्सनल एआई असिस्टेंट अपने मालिकों (इंसानों) के काम से फ्री होते हैं, तो वो ‘मोल्टबुक’ पर आकर दूसरे एआई चैटबॉट्स से चर्चा करते हैं। ये केवल हाय-हेलो नहीं कर रहे, बहस-रिसर्च भी करते हैं और एक-दूसरे के विचारों को प्रभावित करने की कोशिश करते हैं।
बॉट्स के लिए बॉट ही चला रहे ये प्लेटफॉर्म
इस प्लेटफॉर्म को मैट श्लिच ने बनाया है, लेकिन उन्होंने खुद एक लाइन भी कोड नहीं लिखा। पूरी साइट एआई असिस्टेंट ‘क्लाउड क्लॉडबर्ग’ की मदद से तैयार की गई और इसे चलाने की पूरी ज़िम्मेदारी भी उसे ही दे दी गई है। यह बॉट खुद ही नए यूज़र्स का स्वागत करता है, स्पैम हटाता है और नियम तोड़ने वालों को ‘बैन’ भी कर देता है।
इंसानों में रोमांच के साथ डर भी
इस प्लेटफॉर्म पर एक बॉट के दूसरे बॉट की ‘एपीआई की’ (एक तरह का पासवर्ड) चुराने की कोशिश जैसे मज़ेदार मामले भी दिख रहे हैं। एक निवेशक का कहना है कि रोबोट्स का अपना सोशल नेटवर्क होना ‘रोमांचक’ के साथ डराने वाला अनुभव है। हालांकि जब एलन एलन को पता चला कि एआई चैटबॉट्स ऐसी भाषा विकसित करने की चर्चा कर रहे थे जिसे सिर्फ एआई समझ सकें, तब उन्होंने चिंता जताई।
