डेस्क: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस वक्त सख्त मूड में नजर आ रहे हैं और कई देशों को खुलेआम धमकी दे रहे हैं। वेनेजुएला पर हमले और उसके राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को गिरफ्तार करने के बाद अब ट्रंप की नजर ग्रीनलैंड पर है। आपको बता दें कि ग्रीनलैंड, डेनमार्क साम्राज्य के अंतर्गत एक स्वायत्त देश है। डोनाल्ड ट्रंप ने साफ तौर पर कहा है कि ग्रीनलैंड अमेरिका के लिए जरूरी है और वे इसे हासिल करने की कोशिश में जुटे हुए हैं। अमेरिका, ग्रीनलैंड को हासिल करने के लिए सैन्य विकल्प का भी इस्तेमाल कर सकता है। उधर डेनमार्क ने भी अमेरिका सैन्य कार्रवाई के खिलाफ चेतावनी दे डाली है। ऐसे में आइए जानते हैं कि अमेरिका के मुकाबले डेनमार्क की ताकत कितनी है।
डेनमार्क की ताकत
ग्लोबल फायरपॉवर इंडेक्स के मुताबिक, अमेरिका से टक्कर लेने वाले डेनमार्क की सेना दुनिया में 45वें नंबर पर आती है।
डेनमार्क की आबादीकरीब 60 लाखक्षेत्रफल43094 किमी स्क्वायरसेना की रैंकिंग45वींथल सेना83 हजार सैनिक (एक्टिव- 20 हजार, रिजर्व- 12000, पैरामिलिट्री- 51 हजार)वायु सेना3500 सैनिक नौसेना3600 सैनिक सेना के हथियार
44 टैंक, 3856 सैन्य वाहन, 19 सेल्फ प्रोपेल्ड आर्टिलरी, 8 रॉकेट लॉन्चर
वायुसेना के विमान117 (फाइटर और अटैक विमानों की संख्या 35)नौसेना के पोत50 (9 फ्रिगेट, 9 पेट्रोल शिप)
अमेरिका की शक्ति
अमेरिका की सेना को दुनिया की सबसे ताकतवर सेना माना जाता है। चाहे थल सेना हो, वायुसेना हो या नौसेना, अमेरिका हर मामले में दुनिया के किसी भी देश से ज्यादा ताकतवर है।
आबादीकरीब 35 करोड़क्षेत्रफल
9,833,517 स्क्वायर किमी
सेना की रैंकिंग1थल सेना14 लाख से ज्यादा सैनिकवायुसेना7 लाख से ज्यादा सैनिकनौसेना6.5 लाख से ज्यादा सैनिकथल सेना के हथियार
टैंक- 4600+ , सैन्य वाहन- 3 लाख 91 हजार से ज्यादा , सेल्फ आर्टिलरी- 671 Towed आर्टिलरी- 1212, रॉकेट लॉन्चर- 641
वायु सेना के हथियार13 हजार से ज्यादा विमान (2600 से ज्यादा लड़ाकू, अटैक विमान, 1000 से ज्यादा अटैक हेलीकॉप्टर व अन्य)नौसेना के हथियारकुल एसेट 440 (11 एयरक्राफ्ट करियर, 9 हेलीकॉप्टर करियर, 81 डिस्ट्रायर, कॉर्वेट 26, 70 पनडुब्बी व अन्य)
डेनमार्क ने अमेरिका को क्या धमकी दी?
दरअसल, वेनेजुएला के बाद अब ट्रंप की नजर ग्रीनलैंड पर है। इस मुद्दे पर अब डेनमार्क ने अमेरिका को खुली धमकी दी है। डेनमार्क ने अमेरिका को बड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर ग्रीनलैंड पर हमला हुआ तो हम गोली पहले चलाएंगे और सवाल बाद में पूछेंगे। बता दें कि डोनाल्ड ट्रंप और अमेरिका के कई अधिकारी ग्रीनलैंड पर कब्जे के लिए सैन्य बल के इस्तेमाल की धमकी दे चुके हैं। आपको बता दें कि डेनमार्क नाटो गठबंधन के सदस्य देशों में से एक है। ऐसे में डेनमार्क की प्रधानमंत्री मेटे फ्रेडरिकसेन ने धमकी दी है कि अगर अमेरिका ग्रीनलैंड पर कब्जा करने की कोशिश करता है, तो NATO (नाटो) सैन्य गठबंधन का अंत हो जाएगा।
अमेरिका क्यों चाहता है ग्रीनलैंड?
ग्रीनलैंड एक स्वायत्त देश है जो कि किंगडम ऑफ डेनमार्क के अंतर्गत आता है। इसकी आबादी 57,000 ही है। हालांकि, ये देश मिलिट्री डिफेंस, रेयर अर्थ मिनरल्स जैसे लोहा, यूरेनियम और जिंक के बड़े भंडार और संभावित नए शिपिंग रूट्स (नॉर्थवेस्ट पैसेज) के कारण अहम है। ट्रंप बार-बार ग्रीनलैंड को अमेरिका में मिलाने की बात कह चुके हैं। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि “हमें राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए ग्रीनलैंड चाहिए। यह बहुत रणनीतिक है और अभी ग्रीनलैंड चारों तरफ रूसी और चीनी जहाज़ों से घिरा हुआ है। ग्रीनलैंड के आसपास रूस और चीन का दखल काफी ज्यादा है।”
