डेस्क :हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बृहस्पतिवार को श्रम एवं रोजगार विभाग को विदेश में रोजगार के अवसर तलाश रहे युवाओं को सशक्त बनाने के लिए यहां एक वेबसाइट और मोबाइल एप्लीकेशन विकसित करने के निर्देश दिएउन्होंने कहा कि डिजिटल मंच पर उम्मीदवारों का व्यापक डेटा संकलित किया जाएगा, जिससे विदेशों में नौकरी हासिल करते समय बेहतर पारदर्शिता, पहुंच और सुरक्षा सुनिश्चित होगी। उन्होंने विभाग को राज्य के अनिवासी भारतीय (एनआरआई) का डेटा विकसित करने का भी निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को हिमाचल प्रदेश के लिए प्रभावी रणनीति तैयार करने के लिए केरल और तेलंगाना के विदेशी रोजगार मॉडल का अध्ययन करने के निर्देश दिएउन्होंने कहा कि पूरे देश में विदेश जाकर रोजगार करने वालों की दर सबसे अधिक केरल में है, जहां प्रति एक हजार में से 57.94 व्यक्ति विदेश में काम कर रहे हैं, जबकि हिमाचल प्रदेश में यह संख्या प्रति एक हजार पर केवल 5.36 है।
सुक्खू ने कहा कि ‘हिमाचल प्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन’ (एचपीएसईडीसी) को पंजीकृत भर्ती एजेंसी के रूप में लाइसेंस प्राप्त हो गया है। उन्होंने एचपीएसईडीसी को अंतरराष्ट्रीय रोजगार बाजार की आवश्यकताओं के अनुरूप युवाओं के कौशल विकास को बढ़ाने के लिए प्रमाणित प्रशिक्षण एजेंसियों के साथ सहयोग करने के निर्देश दिए
