राष्ट्रीय

कौमी इंसाफ मोर्चे के ‘पंजाब बंद’ का असर: जालंधर-अमृतसर में अलर्ट, सड़कों पर उतरी पुलिस

डेस्क: सिख कैदियों (Sikh prisoners) की रिहाई की मांग को लेकर ‘कौमी इंसाफ़ मोर्चा’ (Qaumi Insaaf Morcha) ने शुक्रवार को पंजाब (Punjab) में सुबह 7 बजे से दोपहर 2 बजे तक ‘बंद’ (Bandh) का आह्वान किया है. इसे देखते हुए कई इलाकों में पुलिस बल तैनात किया गया है. कई सिख संगठनों ने भी बंद का समर्थन किया है.
पंजाब बंद के दौरान जालंधर में कौमी इंसाफ मोर्चा ने गुरु नानक मिशन चौक के बीचों-बीच धरना दिया. अमृतसर में भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. पंजाब में सड़कों पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई है. बंद के आह्वान का असर कई इलाकों में देखने को मिल रहा है.

पंजाब में कई शिक्षण संस्थान आज बंद हैं. हालांकि सरकार ने कोई औपचारिक आदेश नहीं दिया है, लेकिन कई स्कूलों और कॉलेजों ने आज बंद रहने का फैसला किया है. कौमी इंसाफ मोर्चा पिछले तीन वर्षों से मोहाली में उन सिख कैदियों की रिहाई की मांग को लेकर धरना दे रहा है जो दशकों से जेल में बंद हैं. जिन सिख कैदियों की रिहाई की मांग की जा रही है, उनमें से अधिकांश पर आतंकी मामलों के आरोप थे और उन्हें सजा सुनाई गई थी.
बता दें,’कौमी इंसाफ मोर्चा’ की ओर से बुलाए गए ‘पंजाब बंद’ के कारण, पंजाब में प्राइवेट स्कूलों के एक संगठन ने गुरुवार को स्कूल में छुट्टी की घोषणा की और पंजाब यूनिवर्सिटी ने 21 अगस्त को होने वाली परीक्षाओं का समय बदल दिया. ‘बंदी सिंहों’ (सिख कैदियों) की रिहाई की मांग के लिए 21 अगस्त को बंद का आह्वान किया गया. यह बंद शुक्रवार को राज्य में सुबह 7 बजे से दोपहर 2 बजे तक रहेगा.
छात्रों को होने वाली परेशानी से बचाने के लिए पंजाब यूनिवर्सिटी ने शुक्रवार को होने वाली उन परीक्षाओं को टालने की घोषणा की है. ये परीक्षाएं अब 10 सितंबर को आयोजित की जाएंगी. राज्य के 7,500 से अधिक प्राइवेट स्कूलों का प्रतिनिधित्व करने वाले ‘फेडरेशन ऑफ प्राइवेट स्कूल्स एंड एसोसिएशन ऑफ पंजाब’ (FAP) ने कहा है कि उसने 21 अगस्त को सभी स्कूलों में छुट्टी की घोषणा की है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *