डेस्क:भागलपुर । बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बुधवार को भागलपुर के गोराडीह स्थित नवस्थापित राजकीय डिग्री कॉलेज, कासिल परिसर से राज्य के 211 नए डिग्री कॉलेजों में पठन-पाठन कार्य का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने उच्च शिक्षा के विस्तार को राज्य के लिए ऐतिहासिक कदम बताते हुए भागलपुर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) एवं कंप्यूटर साइंस विश्वविद्यालय की स्थापना की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रत्येक प्रखंड तक उच्च शिक्षा की सुविधा पहुंचाने के लक्ष्य पर काम कर रही है, ताकि विद्यार्थियों को अपने क्षेत्र में ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि बिहार की गौरवशाली शैक्षणिक परंपरा को पुनर्जीवित करने के लिए प्राचीन विक्रमशिला विश्वविद्यालय को आधुनिक स्वरूप में पुनर्स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इसके लिए करीब 220 एकड़ भूमि हस्तांतरित की जा चुकी है और अगले एक वर्ष के भीतर विश्वविद्यालय की स्थापना का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने बताया कि मुजफ्फरपुर में आर्किटेक्चर एवं सिविल इंजीनियरिंग विश्वविद्यालय तथा भागलपुर में एआई एवं कंप्यूटर साइंस विश्वविद्यालय स्थापित किया जाएगा। साथ ही राज्य में चार नए निजी विश्वविद्यालयों को भी मंजूरी दी गई है। मुख्यमंत्री ने आधारभूत संरचना और औद्योगिक विकास से जुड़ी कई घोषणाएं भी कीं। उन्होंने कहा कि क्षतिग्रस्त विक्रमशिला सेतु को 30 नवंबर तक पूरी तरह चालू करने का लक्ष्य है। भागलपुर में लगभग 400 एकड़ क्षेत्र में औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाएगा, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
इसके अलावा मुंगेर से भागलपुर तक 83 किलोमीटर लंबी गंगा मरीन ड्राइव का निर्माण कार्य शुरू हो चुका है, जिसका विस्तार सबौर से राजमहल सीमा तक किया जाएगा। कहलगांव स्थित बटेश्वर धाम मंदिर तक श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रोप-वे का भी निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि सुल्तानगंज सहित भागलपुर क्षेत्र में दो एयरपोर्ट विकसित किए जाएंगे। वहीं पीरपैंती में 2,400 मेगावाट क्षमता के बिजली संयंत्र की स्थापना की जा रही है, जिसकी क्षमता 1,600 मेगावाट और बढ़ाई जाएगी।
इस परियोजना में लगभग 70 हजार करोड़ रुपये का निवेश होगा। मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था पर भी सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि अपराधी किसी भी जाति या वर्ग का हो, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि अपराधियों के लिए बिहार में कोई जगह नहीं है और शीघ्र सजा सुनिश्चित करने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट का गठन किया जा रहा है। साइबर अपराध पर भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को सांकेतिक चेक और प्रमाण-पत्र भी वितरित किए। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उच्च शिक्षा एवं विधि मंत्री संजय सिंह टाइगर, सांसद अजय कुमार मंडल सहित कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।

