साहित्य

चतुरी चाचा के प्रपंच चबूतरे से : अब आजम क बुढापा जेल म कटि (नागेन्द्र बहादुर सिंह चौहान)

कुवा ने प्रपंच का आगाज करते हुए कहा- लागत हय कि आजम तौ एकदमय उच्छिन्न होइजहैं। बताव रही-खुही विधायकिव हाथ ते निकरिगै। तीन साल क सजा अलग ते मुकर्रर हय। यतना सब तौ याकय मुकदमा भा। अबहीं तौ न जाने कतने केस चलि रहे। अब यहिका बुढ़ापा जेल म कटि। लरिका उमर छिपाय क विधायक बनिगा रहय। योगी बाबा वहिका पहिलेन पैदर कय दिहीन रहय। आजम का कलयुगी रावण समझव। युहु सत्ता क मद मा चूर होइगा रहय। पहिले भारत माता क डायन कहिस रहय। अबहीं चुनाव क बेरिया मोदीजी अउ योगीजी का बड़ा उल्टा-सीध कहिस रहय। बड़ी अकड़ म कहिस रहय कि ‘रामपुर का यही डीएम चुनाव के बाद मेरे जूते साफ करेगा।’ युहु सुनिकै डीएम तन्नाय गवा। आजम पय एफआईआर कराए दिहिस। वहिम तीन साल केरी सजा होइ गय। यहिके साथे विधायकिव चली गय। डीएम आंजनेय कुमार सिंह ते पंगा लेब आजम का भारी परिगा। मोदीजी अउ योगीजी के खिलाफ अनर्गल प्रलाप कइके आजम अपन क्रिया खराब कय लिहिस।

चतुरी चाचा आज अपने चबूतरे पर बड़े इत्मीनान से बैठे थे। सुनहरी धूप में चबूतरे की क्यारियां खिल रही थीं। पुरई पेड़-पौधों को पानी दे रहे थे। प्रधान जी ने दिवाली में चबूतरे का रंग-रोगन करवा दिया था, जिससे चबूतरे में नया निखार आ गया था। गांव के कुछ बच्चे क्रिकेट और कुछ बच्चे कबड्डी खेल रहे थे। दोनों मैच में लड़कों के सामने लड़कियां डटी थीं। ककुवा, बड़के दद्दा, मुंशीजी आजम खान के मसले पर आपस में खुसुर-पुसुर कर रहे थे। आज कासिम चचा गैरहाजिर थे। उनके जोड़ीदार मुंशीजी ने बताया कि कासिम मास्टर दो दिन से धान कटवा-मड़वा रहे हैं। मेरे चबूतरे पर पहुंचते ही चतुरी चाचा सहित सभी प्रपंची चहक पड़े। चतुरी चाचा ने कहा- रिपोर्टर, तुमरे बिना प्रपंच म मजा नाय आवा। हम पंच तुमरी गैरहाजिरी म दुई प्रपंच कीन। मुला अखबार म छपबय नाइ कीन। तुम जयपुर घुमिके देवारी वाले दिन लौटे हौ न। हमने चाचा की बात पर हामी भर ली। फिर चतुरी चाचा ने ककुवा से प्रपंच शुरू करने को कह दिया। ककुवा बिना किसी भूमिका के सपा नेता आजम खान पर धाराप्रवाह शुरू हो गए। रामपुर वाले चचा को कलयुगी रावण तक कह डाला। ककुवा ने आजम की बखिया उधेड़ कर रख दी। ककुवा का कहना था कि आजम सत्ता के नशे में चूर थे। मियां का बुढ़ापा अब जेल में ही कटेगा।
ककुवा की बात को आगे बढ़ाते हुए चतुरी चाचा ने कहा- इतिहास साक्षी हय भइया। जो अंहकार किहिस, वहिका सर्वनाश होइगा। बेईमानी, मक्कारी करय वाला मनई हमेशा सुखी नाय रहत। गरीबन की हाय बड़ी खराब होत हय। आजम रामपुर मा खूब लूट-फ़ातिहा पढ़िस। मुलायम अउ अखिलेश केरी सरकार म खुदय मुख्यमंत्री बनि जात रहय। गरीब किसानन केरी जमीन छीन लिहिस। तमाम सरकारी जमीनन प काबिज होय गवा। जनता की गाढ़ी कमाई लुटि क अपन विश्विद्यालय बनाय लिहिस। वहिका खुदय आजीवन कुलपति बनिगा। नगर विकास विभाग अउ जल निगम म डाका डारिक करोड़पति बनिगा। सपा सरकार म एकदम उतान चलत रहय। युहु अखिलेश सरकार म बड़ा खेल किहिस रहय। जयाप्रदा कय चड्ढी क रंग बतावत रहय इ ससुर के नाती। युहु जौ अउरे नेतन की तिना चियाय क बैठ जात तौ आजु मजा कय रहा होत। मुला, यहिके मुंह मा बवासीर हय। युहु अंहकार म डूबा हय। तबहें रोज उल्टा-सीधा बयानबाजी कीन करत हय। योगी बाबा धरके चापि दिहिन। आजम केरी दुर्दशा ते नेतन का सीख लेय क चही। सत्ता पाय क बौराय का न चही। ईमानदारी ते अपन काम करय चही। कुर्सी क अंहकार न करय का चही। नेतन का अपन जबान काबू म रक्खय का चही। आजम की तिना अंटाय-संटाय ना बोलय का चही। लोकतंत्र की गरिमा बनाय रहय का चही।
इसी बीच चंदू बिटिया प्रपंचियों के लिए जलपान लेकर आ गई। आज जलपान में स्वादिष्ट दुद्ध-बरिया और तुलसी-अदरक वाली कड़क चाय थी। सबने दुद्ध-बरिया ख़ाकर ताजा पानी पीया। फिर चाय के कुल्हड़ उठा लिये। चाय के साथ चर्चा आगे बढ़ गयी।
मुंशीजी ने विषय परिवर्तन करते हुए कहा- उधर भारी बारिश हो जाने से धान की फसल को आंशिक नुकसान हुआ। निचले इलाकों में व्यापक जलभराव होने के कारण धान पानी सड़ गया। फल-सब्जी की फसलों को भारी नुकसान हुआ। खेतों में जलभराव हो जाने से आलू की बुवाई भी पिछड़ गई। असमय बरसात होने की वजह से सभी किसानों को कुछ न कुछ नुकसान उठाना पड़ा है। बहरहाल, अब मौसम साफ होने के बाद धान की कटाई-मड़ाई बड़ी तेजी से हो रही है। आलू की बुवाई भी शुरू हो गयी है। आगे गेंहू, मटर, सरसों इत्यादि की बुवाई होनी है। इसके लिए खेत तैयार किए जा रहे हैं। सरकार को चाहिए कि खाद, पानी और बीज की व्यवस्था तत्काल बेहतर कर ले, जिससे किसानों को बीज, खाद और पानी के लिए दिक्कत न झेलनी पड़े। रबी फसल की बुवाई सुगमता से हो जाए।
बड़के दद्दा ने अपनी आदत के मुताबिक बतकही में राजनीति का तड़का लगाते हुए कहा- कासिम चचा मेरा कहना मानते नहीं हैं। लेकिन, मैं बार-बार दोहराता हूँ कि अगले लोकसभा चुनाव में भाजपा मोदीजी के नेतृत्व में जीत का हैट्रिक लगाएगी। यूँ तो लोकसभा का चुनाव वर्ष 2024 में होना है, किंतु भाजपा अभी से ही कमर कस चुकी है। भाजपा पूरे देश में बूथ स्तर तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। साथ ही, तमाम बड़े प्रोजेक्ट्स को 2023 में पूरा करने पर जोर लगाए है। इस बार अयोध्या की दिव्य दिवाली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी शामिल हुए थे। राम मंदिर बड़ी तेज गति से बन रहा है। लोकसभा चुनाव के कई महीने पहले रामलला को नए भव्य मन्दिर में विराजमान करवा दिया जाएगा। अयोध्या को विश्व स्तरीय पर्यटन स्थल बनाया जा रहा है। लोकसभा चुनाव-2024 का बिगुल अयोध्या से ही बजेगा। कांग्रेस ने सोनिया भक्त खड़गे को राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया है। लेकिन, उससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा। केजरीवाल की आप दिल्ली और पंजाब में ही घिर जाएगी। वहीं, अन्य क्षेत्रीय दलों से जनता का मोह भंग हो चुका है। यूपी में कांग्रेस की तरह सपा व बसपा भी मैदान से बाहर हैं। सपा संस्थापक मुलायम सिंह यादव का निधन होने के बाद से समाजवादी पार्टी अनाथ हो गई है।
मैंने कोरोना अपडेट देते हुए परपंचियों को बताया कि विश्व में अब तक साढ़े 63 करोड़ से अधिक लोग कोरोना की जद में आ चुके हैं। इनमें 65 लाख 92 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो गई। वहीं, भारत में कोरोना महामारी से चार करोड़ 46 लाख से अधिक लोग पीड़ित हो चुके हैं। इनमें पांच लाख 29 हजार लोग काल कलवित हो गए। बहरहाल, पूरे देश में कोरोना नियंत्रित चल रहा है। भारत में कोरोना वैक्सीन की तकरीबन 221 करोड़ डोज दी जा चुकी है। देश में लगभग 95 करोड़ आबादी को वैक्सीन की डबल डोज लग चुकी है।
अंत में चतुरी चाचा ने सबको छठ महापर्व की बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इसी के साथ आज का प्रपंच समाप्त हो गया। मैं अगले रविवार को चतुरी चाचा के प्रपंच चबूतरे पर होने वाली बेबाक बतकही के साथ फिर हाजिर रहूँगा। तब तक के लिए पँचव राम-राम!

नागेन्द्र बहादुर सिंह चौहान, स्वतंत्र पत्रकार
जँगलवा, रामपुर देवरई, बख़्शी का तालाब, लखनऊ-226201
7800001525, 9580297464
30 अक्टूबर, 2022

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